Kaimur News: (अमित कुमार सिन्हा) केंद्र सरकार के प्रस्तावित ई-फार्मेसी (ऑनलाइन दवा बिक्री) के विरोध में बुधवार को कैमूर जिले के सभी मेडिकल स्टोर बंद रहे. भभुआ सहित पूरे जिले में दवा विक्रेताओं ने एक दिवसीय हड़ताल कर ऑनलाइन दवा बिक्री के खिलाफ विरोध दर्ज कराया.
इस दौरान शहर की प्रमुख दवा दुकानें जैसे सिन्हा मेडिकल स्टोर, ममता मेडिकल हॉल, अलीयार राम गंगा राम मेडिकल स्टोर सहित अधिकांश मेडिकल स्टोर बंद रहे. दुकानों के बंद रहने से मरीजों और आम लोगों को काफी परेशानी का सामना करना पड़ा और उन्हें दवाओं के लिए इधर-उधर भटकना पड़ा.
आकस्मिक सेवा के लिए 21 मेडिकल स्टोर खुले
हालांकि, भभुआ केमिस्ट एंड ड्रगिस्ट एसोसिएशन की ओर से हड़ताल के बावजूद आपातकालीन स्थिति को देखते हुए जिले में 21 दवा दुकानों को खुला रखा गया, ताकि गंभीर मरीजों को आवश्यक दवाएं उपलब्ध कराई जा सकें. कुछ मरीजों को दवा उपलब्ध न होने के कारण सुबह के समय सरकारी अस्पतालों का भी सहारा लेना पड़ा.
ई-फार्मेसी के खिलाफ जताया विरोध
केमिस्ट एंड ड्रगिस्ट एसोसिएशन के जिला अध्यक्ष राकेश कुमार ने कहा कि ई-फार्मेसी से न केवल दवा विक्रेताओं को नुकसान होगा, बल्कि मरीजों के स्वास्थ्य पर भी प्रतिकूल प्रभाव पड़ेगा. उन्होंने कहा कि ऑनलाइन दवा बिक्री को नियंत्रित करने के बजाय इसके दुरुपयोग की आशंका अधिक है.
उन्होंने आरोप लगाया कि इंटरनेट के माध्यम से दवाओं की बिक्री से गलत ब्रांड, नकली दवाओं और गुणवत्ता में कमी जैसी समस्याएं बढ़ सकती हैं, जो मरीजों के लिए खतरनाक साबित हो सकती हैं.
कानून में बदलाव की मांग पर अड़े दवा विक्रेता
एसोसिएशन ने कहा कि वे ऑनलाइन दवा व्यापार को नियमित करने के किसी भी कदम का विरोध करते हैं और इसके लिए कानून में आवश्यक संशोधन की मांग कर रहे हैं. संगठन ने चेतावनी दी है कि यदि मांगों पर विचार नहीं किया गया तो आंदोलन को और तेज किया जाएगा.
