चांद. प्रखंड मुख्यालय स्थित चांद बाजार में दुकानदारों द्वारा सड़क एनएच-219 पर ही गिट्टी, बालू एवं अन्य निर्माण सामग्री रखकर कारोबार किए जाने से राहगीरों और वाहन चालकों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है. झझनी पोखरा से लेकर चांद बाजार के अंतिम छोर तक सड़क के कई स्थानों पर गिट्टी और बालू सड़क पर फैला हुआ देखा जा सकता है. इससे सड़क की चौड़ाई कम हो गयी है और वाहनों के आवागमन में लगातार बाधा उत्पन्न हो रही है.
सड़क पर कम जगह से बढ़ी परेशानी
स्थानीय लोगों का कहना है कि बाजार में सड़क पहले से ही वाहनों और राहगीरों की आवाजाही के कारण व्यस्त रहती है. ऐसे में सड़क के किनारे अथवा सड़क के एक बड़े हिस्से पर गिट्टी-बालू रख दिए जाने से स्थिति और गंभीर हो जाती है. जब एक तरफ से चारपहिया या बड़े वाहन आते हैं और दूसरी ओर से भी वाहन आ जाता है, तो दोनों को निकलने के लिए पर्याप्त जगह नहीं मिलती. ऐसी स्थिति में वाहन चालकों को काफी मशक्कत करनी पड़ती है और कई बार दुर्घटना होते-होते बच जाती है.
गिट्टी के कारण दोपहिया वाहन चालकों को खतरा
स्थानीय लोगों के अनुसार, सड़क पर बिखरी गिट्टी के कारण दोपहिया वाहन चालकों के फिसलने और गिरने की घटनाएं भी होती रहती हैं. खासकर रात के समय सड़क पर रखी निर्माण सामग्री स्पष्ट दिखाई नहीं देने के कारण दुर्घटना की आशंका और बढ़ जाती है. इसके बावजूद दुकानदारों द्वारा सड़क पर निर्माण सामग्री रखने का सिलसिला जारी है.
प्रशासन और पुलिस की गाड़ियों के गुजरने के बावजूद कार्रवाई नहीं
हैरत की बात यह है कि प्रशासनिक अधिकारियों एवं पुलिस की गाड़ियां भी इसी रास्ते से लगातार गुजरती हैं, लेकिन सड़क पर रखी गिट्टी-बालू की समस्या पर प्रभावी कार्रवाई होती दिखाई नहीं दे रही है. स्थानीय जनप्रतिनिधियों से भी लोगों ने इस समस्या का संज्ञान लेकर समाधान कराने की मांग की है.
बड़ी घटना से पहले कार्रवाई की मांग
ग्रामीणों का कहना है कि प्रशासन अक्सर बड़ी घटना होने के बाद ही गंभीरता से कार्रवाई करता है. लोगों ने मांग की है कि किसी बड़ी दुर्घटना का इंतजार करने के बजाय सड़क पर रखी गिट्टी-बालू और अन्य अवरोधों को तत्काल हटवाया जाए तथा सड़क पर निर्माण सामग्री रखने वालों को स्पष्ट निर्देश दिया जाए.
सड़क को निर्माण सामग्री से मुक्त कराने की मांग
लोगों का कहना है कि बाजार की सड़क सार्वजनिक आवागमन के लिए है, न कि निर्माण सामग्री रखने या व्यापार करने के लिए. यदि समय रहते इस समस्या का समाधान नहीं किया गया तो भविष्य में कोई बड़ी दुर्घटना हो सकती है, जिसकी जिम्मेदारी संबंधित विभाग एवं प्रशासन की होगी. स्थानीय लोगों ने प्रशासन से अभियान चलाकर सड़क को अतिक्रमण और निर्माण सामग्री से मुक्त कराने तथा नियमित निगरानी की मांग की है.
जांच कर समाधान की पहल का आश्वासन
इस संबंध में थानाध्यक्ष हरि प्रसाद शर्मा ने कहा कि मामले की जांच कर निदान के लिए पहल की जायेगी.
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