Arwal News: जिला पदाधिकारी अमृषा बैंस एवं पुलिस अधीक्षक डॉ. नवजोत सिमी की संयुक्त अध्यक्षता में समाहरणालय स्थित सभाकक्ष में जिला सड़क सुरक्षा समिति की समीक्षा बैठक आयोजित की गई. बैठक में सड़क सुरक्षा से जुड़े विभिन्न बिंदुओं की समीक्षा करते हुए दुर्घटनाओं में कमी लाने और सुरक्षित यातायात व्यवस्था सुनिश्चित करने के लिए कई महत्वपूर्ण निर्देश दिए गए.
ब्लैक स्पॉट पर होंगे विशेष सुरक्षा उपाय
बैठक में सड़क दुर्घटना संभावित स्थलों (ब्लैक स्पॉट) की समीक्षा की गई. डीएम ने संबंधित विभागों को निर्देश दिया कि चिन्हित ब्लैक स्पॉट पर सड़क सुरक्षा मानकों के अनुरूप साइनेज, रम्बल स्ट्रिप, चेतावनी संकेतक, रिफ्लेक्टिव बोर्ड एवं अन्य आवश्यक सुरक्षा उपकरण जल्द लगाए जाएं. इसका उद्देश्य सड़क दुर्घटनाओं में प्रभावी कमी लाना है.
हिट एंड रन योजना के 85 मामलों का हुआ निष्पादन
जिला परिवहन पदाधिकारी ने बताया कि हिट एंड रन क्षतिपूर्ति योजना के तहत जिले में अब तक 132 आवेदन प्राप्त हुए हैं. इनमें से 85 मामलों का निष्पादन कर लाभार्थियों को भुगतान किया जा चुका है. शेष मामलों के सत्यापन की प्रक्रिया संबंधित अंचल अधिकारियों के स्तर पर चल रही है.
जुलाई में वसूला गया 25 लाख से अधिक जुर्माना
बैठक में विशेष वाहन जांच अभियान की भी समीक्षा की गई. जिला परिवहन पदाधिकारी ने बताया कि जुलाई 2026 के दौरान वाहन जांच अभियान में विभिन्न मामलों में कार्रवाई करते हुए 25 लाख 8 हजार 217 रुपये का जुर्माना वसूला गया है. डीएम ने सड़क सुरक्षा नियमों का उल्लंघन करने वालों के खिलाफ नियमित अभियान चलाने का निर्देश दिया.
जिले में बनेंगे छह ईवी चार्जिंग स्टेशन
प्रधानमंत्री ई-ड्राइव योजना की समीक्षा के दौरान बताया गया कि जिले में छह ईवी चार्जिंग स्टेशन स्थापित किए जाने हैं. अरवल बस स्टैंड को एक चार्जिंग स्टेशन के लिए चिन्हित कर लिया गया है, जबकि शेष पांच स्थानों का चयन किया जा रहा है. इन स्टेशनों की स्थापना सरकारी परिसरों, अस्पतालों, इंजीनियरिंग कॉलेजों और राष्ट्रीय राजमार्गों के निकट की जाएगी.
सड़क दुर्घटना पीड़ितों को मिलेगा कैशलेस उपचार
बैठक में प्रधानमंत्री सड़क दुर्घटना राहत योजना की जानकारी भी दी गई. इसके तहत सड़क दुर्घटना में घायल व्यक्ति को दुर्घटना के बाद सात दिनों तक अधिकतम 1.50 लाख रुपये तक का निःशुल्क और कैशलेस उपचार उपलब्ध कराया जाता है. योजना का लाभ लेने के लिए किसी आवेदन की आवश्यकता नहीं होती. अस्पताल और पुलिस प्रशासन डिजिटल प्लेटफॉर्म के माध्यम से पूरी प्रक्रिया का संचालन करते हैं.
नागरिकों से सहयोग की अपील
बैठक के अंत में डीएम और एसपी ने सभी विभागों को समन्वय के साथ कार्य करने, सड़क सुरक्षा मानकों का पालन सुनिश्चित करने और आमजन में यातायात नियमों के प्रति जागरूकता बढ़ाने का निर्देश दिया. उन्होंने कहा कि सड़क सुरक्षा केवल प्रशासन की जिम्मेदारी नहीं बल्कि प्रत्येक नागरिक का दायित्व है. सभी के सहयोग से ही सड़क दुर्घटनाओं में कमी लाकर सुरक्षित यातायात व्यवस्था स्थापित की जा सकती है.
