जहानाबाद: रतनी प्रखंड में कई डब्ल्यूपीयू निर्माण के साथ ही हुए जर्जर, मुख्यमंत्री ने किया था उद्घाटन

jehanabad News: रतनी प्रखंड के कई पंचायतों में बनाए गए वेस्ट प्रोसेसिंग यूनिट (डब्ल्यूपीयू) निर्माण के कुछ ही समय बाद जर्जर हो गए हैं. करकट उड़ने, मरम्मत नहीं होने और संपर्क पथ के अभाव में स्वच्छता अभियान प्रभावित हो रहा है.

jehanabad News: प्रखंड क्षेत्र में स्वच्छता अभियान को सफल बनाने और कचरे के वैज्ञानिक प्रबंधन के उद्देश्य से बनाए गए वेस्ट प्रोसेसिंग यूनिट (डब्ल्यूपीयू) अब बदहाली का शिकार हो रहे हैं. कई पंचायतों में निर्माण के दो वर्ष बाद भी इनका उद्देश्य पूरा नहीं हो सका है. स्थिति यह है कि कई डब्ल्यूपीयू के करकट आंधी-पानी में उड़ चुके हैं और आज तक उनकी मरम्मत नहीं कराई गई है.

जानकारी के अनुसार नोआवां, झुनाठी और सिकंदरपुर पंचायत में बनाए गए डब्ल्यूपीयू का करकट पूरी तरह उड़ चुका है. मरम्मत नहीं होने के कारण इन भवनों में बारिश का पानी जमा रहता है, जिससे संरचनाएं धीरे-धीरे जर्जर होती जा रही हैं.

उद्घाटन के कुछ दिन बाद ही सामने आई थी समस्या

बताया जाता है कि मुख्यमंत्री द्वारा इस महत्वाकांक्षी योजना का उद्घाटन रिमोट के माध्यम से किया गया था. लेकिन उद्घाटन के कुछ ही दिनों बाद कई डब्ल्यूपीयू की छतें आंधी में उड़ गईं. इसके बावजूद अब तक संबंधित विभाग की ओर से मरम्मत की दिशा में ठोस पहल नहीं की गई है.

नोआवां, झुनाठी और पंडौल पंचायत के डब्ल्यूपीयू तक पहुंचने के लिए आज तक संपर्क पथ का निर्माण नहीं हो सका है. बरसात के दिनों में स्थिति और गंभीर हो जाती है. ऐसे में न तो सफाई कर्मी वहां पहुंच पाते हैं और न ही अधिकारी निरीक्षण के लिए जा सकते हैं. स्थानीय लोगों का कहना है कि पिछले दो वर्षों में कई बार विभाग को इसकी जानकारी दी गई, लेकिन अब तक कोई कार्रवाई नहीं हुई.

कई पंचायतों में अब तक नहीं बन सका डब्ल्यूपीयू

कसवां, नेहालपुर और उचिटा पंचायत में जमीन की उपलब्धता नहीं होने के कारण अब तक डब्ल्यूपीयू का निर्माण नहीं हो पाया है. वहीं सेशम्बा पंचायत में निर्माणाधीन डब्ल्यूपीयू का कार्य पिछले दो वर्षों से अधूरा पड़ा हुआ है.

स्वच्छता अभियान पर पड़ रहा असर

स्थानीय लोगों का कहना है कि डब्ल्यूपीयू की बदहाल स्थिति और बुनियादी सुविधाओं के अभाव में सरकार का महत्वाकांक्षी स्वच्छता अभियान प्रभावित हो रहा है. कचरा प्रबंधन की व्यवस्था सुचारू रूप से नहीं चल पाने से पंचायतों में स्वच्छता संबंधी लक्ष्य पूरे नहीं हो पा रहे हैं.

क्या बोलीं बीडीओ

इस संबंध में पूछे जाने पर बीडीओ आकांक्षा सिंह ने बताया कि कुछ पंचायतों में डब्ल्यूपीयू का निर्माण नहीं हो पाया है. वहीं कई स्थानों पर संपर्क पथ के अभाव और करकट उड़ जाने की सूचना मिली है. उन्होंने कहा कि मामले की जांच कर शीघ्र आवश्यक कार्रवाई की जाएगी.

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लेखक के बारे में

Published by: Nikhil Anurag

मूलतः निखिल अनुराग. पेशे से पत्रकार. बुद्ध की धरती पर जन्म. बिहार का सबसे नवीनतम जिला (अरवल) से ताल्लुक. पढ़ाई की शुरूआत गांव से ही. फिर पलायन कर गंगा के तट पटना पहुंचा. ज्ञान की धरती से कुछ तालीम हासिल कर राष्ट्रीय राजधानी की ओर कूच. पत्रकारिता में पोस्ट ग्रेजुएट ( माखनलाल पत्रकारिता विश्वविद्यालय). नोएडा की धरती पर विद्वतजन से कुछ न कुछ सीखा. करंट अफ़ेयर्स, राजनीति, खेल, अंतरराष्ट्रीय संबंध, गाँव, खेत-किसान पसंदीदा टॉपिक. स्कूल, कॉलेज युनिवर्सिटी में यूथ से गपशप करना एनर्जी का अतिरिक्त स्रोत. साल 2020 में नोएडा से शुरू हुई इस लेखन यात्रा कलम, डेस्कटॉप, लैपटॉप के की-बोर्ड से होते हुए स्मार्ट फोन तक पहुंच गयी. ज्यों-ज्यों उम्र बढ़ रही है, सीखने, पढ़ने, लिखने की भूख भी बढ़ रही है. नोएडा में टीवी न्यूज में काम करने के बाद हिंदुस्तान ग्रूप होते हुए बिहार, झारखंड की सबसे पसंदीदा अखबार प्रभात खबर में कार्यरत. हां एक बात और... पढ़ने-लिखने की जिज्ञासा कभी खत्म नहीं होगी. साहित्य में बेहद दिलचस्पी.

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