Jhajha Multi Care Hospital Closed: जमुई. झाझा शहर में बिना वैध निबंधन के संचालित हो रहे एक निजी अस्पताल पर स्वास्थ्य विभाग ने बड़ी कार्रवाई की है. सिविल सर्जन डॉ अशोक कुमार सिंह ने मल्टी केयर अस्पताल को तत्काल प्रभाव से बंद करने का आदेश जारी किया है. यह कार्रवाई हाल ही में हुई संयुक्त जांच टीम की रिपोर्ट के आधार पर की गई है, जिसमें अस्पताल को क्लिनिकल एस्टैब्लिशमेंट एक्ट और विभागीय नियमों का उल्लंघन करते हुए संचालित पाया गया था.
स्वास्थ्य विभाग के इस फैसले के बाद झाझा क्षेत्र में बिना मानकों के चल रहे निजी अस्पतालों और क्लिनिकों के संचालकों में खलबली मच गई है. अधिकारियों ने स्पष्ट संकेत दिया है कि मरीजों की सुरक्षा और स्वास्थ्य सेवाओं से जुड़े नियमों के उल्लंघन पर अब सख्त कार्रवाई जारी रहेगी.
9 जुलाई की छापेमारी के बाद हुई कार्रवाई
जानकारी के अनुसार 9 जुलाई को सदर अस्पताल के एसीएमओ डॉ अरविंद कुमार, झाझा सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र के प्रभारी चिकित्सा पदाधिकारी डॉ नवाब अख्तर इकबाल और लिपिक प्रमोद कुमार की संयुक्त टीम ने झाझा शहर के कई निजी अस्पतालों में छापेमारी की थी.
जांच के दौरान अस्पतालों के निबंधन प्रमाणपत्र, चिकित्सकीय दस्तावेज, पैरामेडिकल स्टाफ की उपलब्धता और अन्य आवश्यक स्वास्थ्य मानकों की पड़ताल की गई थी. निरीक्षण के बाद टीम ने अपनी विस्तृत रिपोर्ट वरीय अधिकारियों को सौंप दी थी.
बिना वैध निबंधन चलता मिला अस्पताल
सिविल सर्जन द्वारा जारी आदेश में कहा गया है कि जांच के दौरान मल्टी केयर अस्पताल बिना किसी वैध निबंधन के संचालित पाया गया. यह स्थिति क्लिनिकल एस्टैब्लिशमेंट एक्ट और स्वास्थ्य विभाग के नियमों का सीधा उल्लंघन है.
इसी आधार पर अस्पताल को तत्काल प्रभाव से बंद करने का निर्देश दिया गया है. विभाग ने अस्पताल संचालक को स्पष्ट रूप से कहा है कि यदि स्वेच्छा से संचालन बंद नहीं किया गया, तो नियमानुसार दंडात्मक और विधिसम्मत कानूनी कार्रवाई की जाएगी.
मरीजों की सुरक्षा को लेकर विभाग सख्त
स्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों का कहना है कि बिना पंजीकरण के अस्पताल संचालन से मरीजों की सुरक्षा और उपचार व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े होते हैं. ऐसे संस्थानों में प्रशिक्षित स्टाफ, आवश्यक उपकरण और निर्धारित चिकित्सा मानकों की उपलब्धता सुनिश्चित नहीं हो पाती, जिससे मरीजों के स्वास्थ्य पर प्रतिकूल प्रभाव पड़ सकता है.
इसी कारण विभाग ने झाझा सहित पूरे जिले में निजी अस्पतालों और क्लिनिकों की जांच का अभियान तेज किया है.
निजी अस्पताल संचालकों में बढ़ी चिंता
मल्टी केयर अस्पताल पर कार्रवाई के बाद झाझा के अन्य निजी अस्पताल और क्लिनिक संचालकों में चिंता बढ़ गई है. कई संचालक अपने दस्तावेज और निबंधन संबंधी प्रक्रियाओं को दुरुस्त करने में जुट गए हैं.
स्थानीय लोगों का मानना है कि यदि स्वास्थ्य विभाग इसी तरह नियमित जांच और कार्रवाई जारी रखता है, तो मरीजों को अधिक सुरक्षित और मानक आधारित स्वास्थ्य सेवाएं मिल सकेंगी.
Jhajha Multi Care Hospital Closed: आगे भी जारी रहेगा अभियान
स्वास्थ्य विभाग ने संकेत दिया है कि यह कार्रवाई किसी एक अस्पताल तक सीमित नहीं रहेगी. जिन निजी अस्पतालों या क्लिनिकों में नियमों का उल्लंघन पाया जाएगा, उनके खिलाफ भी इसी प्रकार की कार्रवाई की जाएगी.
विभागीय अधिकारियों ने कहा कि मरीजों की सुरक्षा से किसी भी प्रकार का समझौता स्वीकार नहीं किया जाएगा और बिना वैध निबंधन के संचालित स्वास्थ्य संस्थानों पर लगातार निगरानी रखी जाएगी.
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