जमुई में ICT लैब के कंप्यूटर हटाने पर मचा हड़कंप, गांववालों के आरोपों पर हेडमास्टर ने क्या दी सफाई

Bihar News: जमुई के सोनो प्रखंड स्थित उत्क्रमित मध्य विद्यालय, सरधोडीह में ICT लैब के कंप्यूटर हटाने का वीडियो वायरल होने के बाद बवाल मच गया है. ग्रामीण इसे सरकारी संपत्ति के दुरुपयोग का मामला बता रहे हैं और जांच की मांग कर रहे हैं.

Bihar News: बिहार के जमुई जिले के सोनो प्रखंड स्थित उत्क्रमित मध्य विद्यालय, सरधोडीह से कंप्युटर ले जाने का मामला सामने आया है. जिसका वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है. ग्रामीण रिटायर्ड हेडमास्टर पर गंभीर आरोप लगाकर प्रदर्शन भी किए हैं.

वायरल वीडियो से मचा हड़कंप

सोशल मीडिया पर तेजी से फैल रहे वीडियो में स्कूल के सेवानिवृत्त प्रभारी हेडमास्टर नीरज कुमार को एक मारुति वेगनर कार में कंप्यूटर सिस्टम लोड करते हुए देखा जा रहा है. दावा किया जा रहा है कि ये कंप्यूटर स्कूल की ICT लैब के हैं. वीडियो सामने आते ही इलाके में चर्चा तेज हो गई. लोग इसे सरकारी संपत्ति की चोरी बता रहे हैं.

प्रधानाध्यापक ने क्या कहा?

हालांकि, इस मामले में प्रभात खबर से बातचीत में रिटायर्ड हेडमास्टर ने कहा कि ICT लैब को निरस्त करने का पत्र विभाग के तरफ से जनवरी 2025 में ही आया था. संबंधित कांट्रेक्टर को भी लेटर भेजा गया कि कंप्युटर ले जाइए. मेंटेनेंस में दिक्कत हो रही है. चोरी भी हो सकती है. तो कौन जवाब देगा?

उसके बाद फिर 10 फरवरी को DEO द्वारा सभी विद्यालयों के लिए पत्र निकाला गया. जहां-जहां ICT लैब का कंप्युटर रखा गया था. लेटर में प्रधानध्यापक से पूछा गया कि आपके यहां से कंप्युटर ले जाया गया या नहीं इसकी जानकारी उपलब्ध कराएं. प्रधानध्यापक ने आगे बताया कि मैं उसके बाद कांट्रेक्टर से बात किया कि मैं रिटायर्ड हो गया हूं. आप आकर कंप्युटर ले जाइए. गाड़ी कांट्रेक्टर की थी. मैं शाम 4 बजे स्कूल की छुट्टी के समय आया और कंप्युटर सुपुर्द कर दिया.

दो साल पहले बनी थी ICT लैब

ग्रामीणों का कहना है कि करीब दो वर्ष पहले विद्यालय में लगभग 20 कंप्यूटर के साथ ICT लैब बनाई गई थी. कुछ समय बाद लैब बंद हो गई. अब अचानक कंप्यूटर हटाने का वीडियो सामने आने से शक और गहरा गया है.

अभिभावकों का आरोप है कि यदि कंप्यूटर विभागीय प्रक्रिया के तहत हटाए गए हैं, तो उसके दस्तावेज सार्वजनिक किए जाएं. बिना सूचना इस तरह सामान ले जाना गलत है.

ग्रामीणों और छात्रों का प्रदर्शन

मामले को लेकर ग्रामीणों और छात्रों ने विरोध जताया. स्कूल परिसर के बाहर प्रदर्शन की खबर भी सामने आई है. लोगों ने शिक्षा विभाग से पारदर्शिता की मांग की है. ग्रामीणों का कहना है कि शिक्षा के मंदिर में इस तरह की गतिविधि बर्दाश्त नहीं की जाएगी. उन्होंने उच्चस्तरीय जांच की मांग की है. फिलहाल स्कूल में ग्रामीणों ने भी ताला जड़ दिया है और एक ताला स्कूल के तरफ से भी लगाया गया है. मिली जानकारी के अनुसार, शिक्षा विभाग के अधिकारी की उपस्थिति में ताला खुलेगा और मामले की जांच की जाएगी.

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By Abhinandan Pandey

भोपाल से शुरू हुई पत्रकारिता की यात्रा ने बंसल न्यूज (MP/CG) और दैनिक जागरण जैसे प्रतिष्ठित संस्थानों में अनुभव लेते हुए अब प्रभात खबर डिजिटल तक का मुकाम तय किया है. वर्तमान में पटना में कार्यरत हूं और बिहार की सामाजिक-राजनीतिक नब्ज को करीब से समझने का प्रयास कर रहा हूं. गौतम बुद्ध, चाणक्य और आर्यभट की धरती से होने का गर्व है. देश-विदेश की घटनाओं, बिहार की राजनीति, और किस्से-कहानियों में विशेष रुचि रखता हूं. डिजिटल मीडिया के नए ट्रेंड्स, टूल्स और नैरेटिव स्टाइल्स के साथ प्रयोग करना पसंद है.

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