जमुई टाउन थाना क्षेत्र अंतर्गत उगनीचक बहियार में बुधवार की अहले सुबह एक दर्दनाक हादसा हो गया. खेत की सिंचाई (पटवन) करने गए एक 38 वर्षीय युवक की जमीन पर गिरे नंगे बिजली के तार के संपर्क में आने से मौत हो गई. मृतक की पहचान उगनीचक गांव निवासी कौशल किशोर सिंह के इकलौते पुत्र संदीप कुमार सिंह के रूप में हुई है. इकलौते बेटे की मौत की खबर मिलते ही परिजनों में चीख-पुकार मच गई और पूरे गांव में शोक की लहर दौड़ गई.
सुबह 4 बजे खेत पटवन के दौरान हुआ हादसा
परिजनों और ग्रामीणों से प्राप्त जानकारी के अनुसार, संदीप कुमार सिंह बुधवार की सुबह करीब 4 से 5 बजे के बीच अपने खेतों की पटवन करने के लिए बहियार गए थे:
- करंट की चपेट में आया: खेत में पहले से ही बिजली का जर्जर तार टूटकर गिरा हुआ था, जिसमें विद्युत प्रवाहित हो रही थी. अंधेरे और पानी के कारण संदीप की नजर तार पर नहीं पड़ी और वे सीधे उसकी चपेट में आ गए.
- मौके पर ही तोड़ा दम: तेज करंट लगने के कारण संदीप की मौके पर ही मौत हो गई. काफी देर बाद जब आसपास से गुजर रहे ग्रामीणों की नजर उन पर पड़ी, तो बिजली आपूर्ति बंद कराई गई और उन्हें तार से अलग किया गया.
सदर अस्पताल में डॉक्टरों ने मृत घोषित किया
ग्रामीण आनन-फानन में संदीप को इलाज के लिए जमुई सदर अस्पताल ले गए, जहां ऑन-ड्यूटी चिकित्सकों ने जांच के उपरांत उन्हें मृत घोषित कर दिया:
अस्पताल परिसर में पसरा सन्नाटा: संदीप की मौत की पुष्टि होते ही सदर अस्पताल परिसर परिजनों की चीख-पुकार से गमगीन हो उठा. मृतक अपने पीछे एक पुत्र और रोते-बिलखते परिजनों को छोड़ गया है. घर का इकलौता चिराग बुझ जाने से परिवार पर दुखों का पहाड़ टूट पड़ा है.
पुलिस ने शव का कराया पोस्टमार्टम, बिजली विभाग के खिलाफ रोष
घटना की सूचना मिलते ही टाउन थाना पुलिस सदर अस्पताल पहुंची और शव को कब्जे में लेकर कागजी प्रक्रिया पूरी की. पोस्टमार्टम के बाद शव परिजनों को सौंप दिया गया है.
स्थानीय ग्रामीणों ने बिजली विभाग की घोर लापरवाही पर गहरा आक्रोश व्यक्त किया है. लोगों ने विभाग से मांग की है कि ग्रामीण इलाकों में लटक रहे और जर्जर बिजली के तारों की तुरंत मरम्मत कराई जाए, ताकि भविष्य में किसी और परिवार को अपना चिराग न खोना पड़े. साथ ही पीड़ित परिवार को उचित सरकारी मुआवजा देने की मांग की गई है.
