हाजीपुर में बाढ़ का चौतरफा असर, जॉब कैंप स्थगित, 280 ट्रांसफॉर्मर बंद, 25-30 हजार लोग प्रभावित

हाजीपुर में बाढ़ के कारण 280 ट्रांसफॉर्मरों से बिजली आपूर्ति बंद है. 25-30 हजार लोग प्रभावित हैं और 5 सितंबर का जॉब कैंप भी स्थगित हो गया है.

Hajipur Flood: गंगा और गंडक के बढ़ते जलस्तर के बीच हाजीपुर और आसपास के इलाकों में बाढ़ का असर अब बिजली, सड़क, रोजगार और आम लोगों की दिनचर्या तक पहुंच गया है. सुरक्षा के मद्देनजर बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों में 280 ट्रांसफॉर्मरों से बिजली आपूर्ति बंद की गयी है. इससे करीब 25 से 30 हजार लोग प्रभावित बताए जा रहे हैं.

बिजली बंद होने से बढ़ी परेशानी

राघोपुर, सहदेई, महनार और हाजीपुर के प्रभावित इलाकों में बिजली आपूर्ति बाधित होने से घरों के साथ दुकानों और छोटे कारोबार पर भी असर पड़ा है. मोबाइल चार्जिंग, पानी की व्यवस्था और बिजली आधारित जरूरी कामों में लोगों को परेशानी हो रही है. विभाग का कहना है कि पानी कम होने और विद्युत संरचना सुरक्षित होने के बाद आपूर्ति बहाल की जायेगी.

सड़कों पर पानी, यात्रा मुश्किल

बाढ़ के कारण कई निचले इलाकों की सड़कों पर पानी जमा है. राघोपुर में कुछ स्थानों पर 3 से 4 फीट तक पानी पहुंचने से दोपहिया और छोटे वाहनों की आवाजाही प्रभावित हुई है. कई जगहों पर लोगों को नाव का सहारा लेना पड़ रहा है. इससे हाजीपुर शहर आने-जाने वाले लोगों, छात्रों, मरीजों और कामकाजी लोगों की मुश्किल बढ़ गयी है.

5 सितंबर का जॉब कैंप भी टला

बाढ़ का असर रोजगार के अवसर पर भी पड़ा है. 5 सितंबर को DRCC, हरिवंशपुर में प्रस्तावित जॉब कैंप को स्थगित कर दिया गया है. DRCC जाने वाले रास्ते पर करीब चार फीट पानी जमा होने के कारण अभ्यर्थियों की सुरक्षा को देखते हुए यह फैसला लिया गया. नयी तारीख, समय और स्थान की सूचना बाद में दी जायेगी.

पहले इस कैंप में 10वीं पास 18 से 30 वर्ष के अभ्यर्थियों को निजी क्षेत्र में रोजगार का अवसर मिलना था. चयनित युवाओं को हाजीपुर औद्योगिक क्षेत्र में काम और 11,752 रुपये मासिक वेतन की जानकारी दी गयी थी.

कारोबार और रोजमर्रा की जिंदगी पर असर

बिजली कटौती और जलमग्न सड़कों का असर बाजार और छोटे कारोबार पर भी पड़ रहा है. वहीं अस्पताल, दवा, जरूरी सामान और अन्य सेवाओं तक पहुंच में भी लोगों को अतिरिक्त परेशानी उठानी पड़ रही है.

फिलहाल हाजीपुर में बाढ़ का असर केवल पानी वाले इलाकों तक सीमित नहीं है. बिजली, यात्रा और रोजगार से लेकर आम जिंदगी की रफ्तार तक प्रभावित हुई है. लोगों को जलभराव वाले इलाकों में अनावश्यक यात्रा से बचने और प्रशासन की सूचना के अनुसार ही आवाजाही करने की सलाह दी जा रही है.

इसे भी पढ़ें:5 सितंबर को भूलकर भी न जाएं डीआरसीसी भवन! जानिए हाजीपुर में अचानक क्यों रोकना पड़ा जॉब कैंप?

प्रभात खबर डिजिटल टॉप स्टोरी

लेखक के बारे में

By विवेक पाण्डेय

विवेक रंजन पाण्डेय पिछले 8 वर्षों से मुख्यधारा की पत्रकारिता में सक्रिय हैं. वर्तमान में वह प्रभात खबर डिजिटल में कंटेंट राइटर के रूप में कार्यरत हैं. उन्हें बिहार की राजनीति, प्रशासन, अपराध, शिक्षा, रोजगार, सामाजिक सरोकार और स्थानीय-क्षेत्रीय मुद्दों की गहरी समझ है. खबरों की विश्वसनीयता बनाए रखने के लिए वे तथ्यों की पुष्टि और विभिन्न स्रोतों से जानकारी का सत्यापन करने को प्राथमिकता देते हैं.

विशेषज्ञता

विवेक रंजन पाण्डेय की विशेष रुचि बिहार की राजनीति, ब्रेकिंग न्यूज, रियल-टाइम अपडेट, प्रशासनिक गतिविधियों, चुनाव, अपराध, मौसम, शिक्षा तथा रिसर्च आधारित खबरों में है. वे लाइव कवरेज, एक्सक्लूसिव स्टोरी, SEO फ्रेंडली डिजिटल कंटेंट और डेटा आधारित रिपोर्टिंग में भी दक्ष हैं. सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म, विशेषकर एक्स पर सक्रिय रहकर ट्रेंडिंग और महत्वपूर्ण घटनाक्रमों पर लगातार नजर बनाए रखते हैं.

पत्रकारिता अनुभव

पत्रकारिता के क्षेत्र में विवेक रंजन पाण्डेय का आठ वर्षों का अनुभव है. उन्होंने अपने करियर की शुरुआत टीवी और डिजिटल मीडिया से की तथा विभिन्न राष्ट्रीय और क्षेत्रीय मीडिया संस्थानों में कार्य करते हुए रिपोर्टिंग, डिजिटल कंटेंट लेखन, लाइव कवरेज, हेडलाइन लेखन, ब्रेकिंग न्यूज, फैक्ट चेकिंग में विशेषज्ञता हासिल की. वर्तमान में वे प्रभात खबर डिजिटल के लिए बिहार से जुड़ी महत्वपूर्ण खबरों का लेखन और विश्लेषण कर रहे हैं.

शिक्षा

विवेक रंजन पाण्डेय ने आर्यभट्ट नॉलेज यूनिवर्सिटी, पटना से बैचलर ऑफ जर्नलिज्म एंड मास कम्युनिकेशन (BJMC) की डिग्री प्राप्त की है. पत्रकारिता की पढ़ाई के दौरान उन्होंने समाचार लेखन, मीडिया एथिक्स, डिजिटल जर्नलिज्म और जनसंचार के विभिन्न आयामों का अध्ययन किया.

Read More
ePaper

अपने दैनिक समाचार अनुभव को और बेहतरीन बनाएं

सिर्फ ₹399 ₹149

एक साल के लिए

आज ही सब्सक्राइब करें

संबंधित खबरें >

यह भी पढ़ें >