District Veterinary Hospital: जिला पशु चिकित्सालय के मुख्य गेट के सामने जलजमाव होने से अस्पताल आने वाले पशुपालकों और उनके पशुओं को इलाज कराने में परेशानी का सामना करना पड़ रहा है. कई दिनों से जमा गंदे और बदबूदार पानी के बीच से होकर पशुपालकों को अस्पताल परिसर में प्रवेश करना पड़ रहा है. जलजमाव के कारण मुख्य रास्ते पर कीचड़, गड्ढे और फिसलन की स्थिति बनी हुई है. इससे बीमार पशुओं को अस्पताल लाने वाले पशुपालकों की परेशानी और बढ़ गयी है.
बीमार पशुओं को लेकर पानी पार करना मजबूरी
पशुपालकों का कहना है कि बीमार पशुओं को इलाज के लिए अस्पताल लाने के दौरान मुख्य गेट पर जमा पानी सबसे बड़ी परेशानी बन रहा है. गंदे पानी और कीचड़ के बीच से होकर पशुओं को अस्पताल तक ले जाना पड़ता है. इससे पशुओं के फिसलने और चोटिल होने का खतरा भी बना रहता है.
पशुपालकों ने बयां की परेशानी
थावे थाना क्षेत्र के विदेशी टोला निवासी रामप्रवेश यादव ने बताया कि वह पशु का इलाज कराने अस्पताल पहुंचे थे. मुख्य गेट पर गंदा पानी जमा है. पशु को लेकर इसी बदबूदार पानी से होकर अस्पताल के अंदर जाना पड़ रहा है.
वहीं, मांझा थाना क्षेत्र के देवापुर गांव निवासी मुन्ना प्रसाद ने बताया कि अस्पताल के गेट पर जलजमाव से काफी परेशानी हो रही है. बीमार पशु को संभालकर पानी पार कराना पड़ता है. उन्होंने जल्द जलनिकासी की व्यवस्था कराने की मांग की.
बरौली थाना क्षेत्र के शिवजी महतो ने बताया कि वह इलाज के लिए पशु को लेकर अस्पताल पहुंचे थे, लेकिन मुख्य गेट पर पानी जमा मिला. गंदे पानी और बदबू के कारण काफी परेशानी हुई.
जल्द दुरुस्त होगी जलनिकासी व्यवस्था
जिला पशु चिकित्सक ने बताया कि मुख्य गेट के सामने जलजमाव की समस्या की जानकारी है. संबंधित स्तर पर कार्रवाई कर जल्द ही जलनिकासी की व्यवस्था दुरुस्त करा दी जायेगी.
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