गोपालगंज से मनीष राज की रिपोर्ट
Gopalganj News : बाढ़, सुखाड़ और हीट वेव लू जैसी आपदाओं से निपटने के लिए जिला प्रशासन की तैयारियों की शनिवार को विस्तृत समीक्षा की गई. समाहरणालय सभाकक्ष में आयोजित बैठक की अध्यक्षता बिहार सरकार के कृषि मंत्री एवं जिला प्रभारी मंत्री विजय कुमार सिन्हा ने की. उन्होंने सभी विभागों को आपसी समन्वय के साथ कार्य करते हुए राहत एवं बचाव की तैयारियां समय रहते पूरी करने का निर्देश दिया. बैठक में बताया गया कि जिले के बैकुंठपुर, सिधवलिया, बरौली, मांझा, गोपालगंज और कुचायकोट अंचल संभावित बाढ़ प्रभावित क्षेत्र हैं. बाढ़ से निपटने के लिए 41 सरकारी, 62 निजी तथा 103 मत्स्य विभाग की नावों की व्यवस्था की गई है.
राहत शिविर से लेकर रसोई केंद्र तक व्यापक तैयारियां, प्रशासन पूरी तरह एक्टिव
इसके अलावा 24,670 पॉलीथीन शीट, 162 मानव राहत शिविर और 273 सामुदायिक रसोई केंद्र चिन्हित किए गए हैं. एसडीआरएफ की एक टीम जिले में पहले से तैनात है, जबकि एनडीआरएफ की टीम भी आवश्यकता पड़ने पर उपलब्ध कराई जाएगी. तटबंधों एवं स्लूइस गेटों की स्थिति को संतोषजनक बताया गया. सुखाड़ की आशंका को देखते हुए कृषि विभाग ने डीजल अनुदान, कम अवधि वाली धान की किस्मों तथा वैकल्पिक फसलों के बीज की उपलब्धता की जानकारी दी. वहीं स्वास्थ्य विभाग ने बाढ़ और लू की स्थिति में मेडिकल टीमों, दवाओं और विशेष स्वास्थ्य सुविधाओं की तैयारी से अवगत कराया. हीट वेव एक्शन प्लान के तहत पेयजल, वाटर एटीएम, प्याऊ, अस्पतालों में विशेष वार्ड, ओआरएस और जीवनरक्षक दवाओं की उपलब्धता की भी समीक्षा की गई.
राहत कार्यों में देरी बर्दाश्त नहीं होगी : मंत्री विजय कुमार सिन्हा
प्रभारी मंत्री ने कहा कि किसी भी आपदा की स्थिति में लोगों को त्वरित राहत और सहायता उपलब्ध कराना प्रशासन की सर्वोच्च प्राथमिकता होनी चाहिए. समीक्षा बैठक में शिक्षा मंत्री मिथलेश तिवारी, ग्रामीण कार्य मंत्री सुनील कुमार, बरौली विधायक मंजीत कुमार सिंह, गोपालगंज विधायक सुभाष सिंह, विधान परिषद सदस्य वीरेंद्र प्रसाद नारायण सिन्हा एवं जनक राम सहित कई जनप्रतिनिधि और प्रशासनिक अधिकारी मौजूद रहे.
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