गैर इरादतन हत्या के मामले में एडीजे- 6 के कोर्ट में हुई सुनवाई
अब हाइकोर्ट में अपील करेंगे बचाव पक्ष के अधिवक्ता
गोपालगंज : खजूरबानी जहरीली शराबकांड में गैर इरादतन हत्या के मामले में अपर जिला एवं सत्र न्यायाधीश छह रामाश्रय प्रसाद के कोर्ट ने जमानत याचिका खारिज कर दिया. बचाव पक्ष के अधिवक्ता ने कहा कि जमानत के लिए हाइकोर्ट में अपील करेंगे. खजूरबानी जहरीली शराबकांड में लालबाबू पासी की जमानत याचिका अधिवक्ता विनय मिश्रा ने दाखिल की थी. जिला एवं सत्र न्यायाधीश के कोर्ट ने जमानत याचिका को सुनवाई के लिए एडीजे छह के कोर्ट में भेज दिया था, जहां सोमवार को सुनवाई के दौरान अधिवक्ता ने कहा कि लालबाबू का दोष सिर्फ इतना है कि वह खजूरबानी का रहनेवाला है. पुलिस ने उसके घर से कुछ भी बरामद नहीं किया है. कांड में प्रभावशाली लोगों के बचाने के उद्देश्य से लालबाबू पासी जैसे निर्दोष लोगों को फंसा दिया गाय है,
जबकि विशेष लोक अभियोजक रविभूषण श्रीवास्तव ने सुनवाई के दौरान विभाग की तरफ से पक्ष रखते हुए कहा कि लालबाबू पासी भी कांड के उतने ही जिम्मेवार हैं जितना अन्य लोग हैं. खजूरबानी में इन लोगों के द्वारा किये जा रहे जहरीली शराब के कारोबार से 15 और 16 अगस्त, 2016 को जिन लोगों ने शराब पी उनकी 16 और 17 अगस्त को मौत हुई. इसमें 19 लोगों की मौत और छह लोगों के दिव्यांग होने की घटना सामने आयी है. कोर्ट ने दोनों पक्षों को सुनने के बाद जमानत याचिका को रद्द कर दिया.
आज होगी नगीना पासी की जमानत पर सुनवाई : मुख्य सरगना नगीना पासी की जमानत याचिका सोमवार को जिला एवं सत्र न्यायाधीश मो जफर इमाम मलिक के कोर्ट में दाखिल हुई. गैर इरादतन हत्या नगर थाना कांड संख्या 348-16 में अधिवक्ता विनय मिश्रा ने जमानत याचिका दाखिल की, जिसमें मंगलवार को सुनवाई की तिथि मुकर्रर की गयी है.
