दलित–गरीबों के साथ विश्वासघात कर रहे मांझी-रामविलास : रामेश्वर प्रसादलालू शासन में गरीबों का हुआ जनसंहार और भाजपा–जदयू शासन में जनसंहारियों की रिहाई रामविलास पासवान और जीतनराम मांझी बतायें, क्या भाजपा संत है?संवाददाता, पटना फरीदाबाद दलित उत्पीड़न की घटना पर रामविलास पासवान और जीतनराम मांझी वीके सिंह को तो सामंती बता रहे हैं, लेकिन वे ये बतायें कि जिस भाजपा के साथ वे चिपके हैं-क्या वह संत है? सच तो यह है कि रामविलास पासवान और जीतनराम मांझी बिहार के दलित–गरीबों के साथ विश्वासघात कर रहे हैं. इसके लिये बिहार की जनता उन्हें कभी माफ नहीं करेगी. उक्त बातें शनिवार को फरीदाबाद दलित उत्पीड़न को ले कर भाकपा–माले के केंद्रीय कमिटी सदस्य व पूर्व सांसद रामेश्वर प्रसाद ने कही. उन्होंने कहा कि दादरी के बाद भाजपा शासित हरियाणा में फरीदाबाद की घटना ने साफ–साफ बता दिया है कि भाजपा के शासन में दलित व कमजोर वर्ग के लोग कहीं से सुरक्षित नहीं है. उन पर हमला लगातार बढ़ता जा रहा है. बिहार विधानसभा चुनाव में भाजपा दलितों–अतिपिछड़ों को भरमाने का काम कर रही है, लेकिन उसके असली चेहरे को आज पूरा देश समझ रहा है. आज भाजपा पूछ रही है कि बिहार में दलित–गरीबों के जनसंहार किसके राज में हुए? यह हर कोई जानता है कि ये जनसंहार लालू शासन में हुए, लेकिन जिस रणवीर सेना ने जनसंहार रचाया, उसे तो भाजपा का ही संरक्षण था. कोबरा पोस्ट ने एक बार फिर इस सत्य को सामने लाया है कि भाजपा नेताओं ने दलितों की हत्या के लिए रणवीर सेना को हर तरह से मदद पहुंचायी.उन्होंने कहा कि दलितों की हत्यारी भाजपा को शिकतस्त देना और जदयू–राजद के झूठ को खारिज करना आज का बेहद जरूरी है. उन्होंने बिहार की जनता से भाकपा–माले व वामपंथी उम्मीदवारों को वोट डालने की अपील की.
दलितझ्रगरीबों के साथ वश्विासघात कर रहे मांझी-रामविलास : रामेश्वर प्रसाद
दलित–गरीबों के साथ विश्वासघात कर रहे मांझी-रामविलास : रामेश्वर प्रसादलालू शासन में गरीबों का हुआ जनसंहार और भाजपा–जदयू शासन में जनसंहारियों की रिहाई रामविलास पासवान और जीतनराम मांझी बतायें, क्या भाजपा संत है?संवाददाता, पटना फरीदाबाद दलित उत्पीड़न की घटना पर रामविलास पासवान और जीतनराम मांझी वीके सिंह को तो सामंती बता रहे हैं, लेकिन वे […]
