मांझा : गांव में छह माह से बिजली देने के मिल रहे झूठे आश्वासन पर बुधवार को ग्रामीणों का आक्रोश फूट पड़ा. बुधवार को आक्रोशित ग्रामीणों ने धर्मपरसा गांव पहुंचे बिजली कंपनी के अभियंता अनिल राम को गाड़ी से खींच कर बेरहमी से पिटाई कर दी. किसी तरह अभियंता जान बचा कर भाग निकले.
अभियंता ने धर्मपरसा गांव के जितेंद्र यादव, राजीव पाठक, बहादुर यादव, कविंद्र यादव व मनोहर साह को नामजद आरोपित बनाया है. पुलिस पूरे प्रकरण की जांच में जुट गयी है. बता दें कि मांझा प्रखंड के धर्मपरसा, अहीरटोली, दलित बस्ती, गदी टोला आदि में आजादी के बाद आज तक बिजली नसीब नहीं हो सकी है. बिजली की सुविधा नहीं मिलने के कारण गांव के लोग आक्रोशित थे. पिछले छह माह से ग्रामीण बिजली कंपनी के स्थानीय कार्यालय का चक्कर लगा रहे थे.
न तो विभाग के वरीय अधिकारी सुनने को तैयार थे और न ही इस पर कोई निर्णय लिया जा रहा था. कई बार आश्वासन दिये गये, लेकिन वे झूठ साबित हुए. जनप्रतिनिधियों ने भी मुंह फेर लिया है. आजिज होकर ग्रामीणों ने बिजली कंपनी के अभियंता की पिटाई कर डाली. थानाध्यक्ष संतोष कुमार ने बताया कि अभियंता के आवेदन पर प्राथमिकी दर्ज कर
