गोपालगंज : परिवार की खुशहाली के लिए शहर के कारोबारी अजमेरशरीफ गये थे. सोमवार को घर पहुंचने के लिए प्लान बना था. पौ फटते ही परिजनों को मनहूस खबर मिली. एक साथ तीन कारोबारियों की मौत से शहर के व्यवसायी भी आहत हैं.
हादसा अचानक कैसे हो गया, इसकी जानकारी लेने के लिए आसपास के लोग मृतक कारोबारियों के घर पहुंचने लगे. उधर, घायलों ने हादसे में मौत की खबर महिलाओं को नहीं बताने के लिए अपील की थी. घटनास्थल से घायलों के द्वारा भेजी गयी दुर्घटनाग्रस्त इनोवा कार का वीडियो देख हर किसी की रुह कांप जा रही थी. वाहन में सवार तीन लोग बच गये, यह संयोग ही था. मारवाड़ी मुहल्ला के निवासी मृत कारोबारी मो असलम की चंद्रगोखुल रोड में स्टाइल किंग के नाम से दुकान है.
इसी मकान में ऊपर इसलामियां मुहल्ले के निवासी इरशाद खान और जहांगीर की शूज का शोरूम है. परिजनों के मुताबिक अचानक मवेशी के आने के कारण यह हादसा हुआ. हादसे से पहले वाहन में मो असलम के पुत्र वसीम अकरम को अलीगढ़ से बैठा लिया गया था. वसीम अपने छोटे भाई फैजल का एडमिशन कराने के लिए गया था. हादसे में वसीम अकरम भी घायल हो गया है.
खतरे से बाहर हैं सभी घायल
इनोवा कार में सवार तीन अन्य लोग हादसे में घायल हो गये. स्थानीय पुलिस की मदद से तत्काल इलाज के लिए उन्नाव के अस्पताल में भरती कराया गया, जहां मृतक कारोबारी व स्टाइल किंग के मालिक म. असलम के पुत्र वसीम अकरम भी घायल हो गया था. कार सवार तीनों घायलों को उन्नाव के सरकारी अस्पताल में भरती कराया गया. इलाज के बाद डॉक्टरों ने तीनों घायलों की स्थिति खतरे से बाहर बतायी है.
आज फतहां में किया जायेगा सुपुर्द-ए-खाक
व्यवसायियों की मौत के बाद देर शाम तक शव गोपालगंज नहीं पहुंच सका था. घायलों के पास पहुंचे सिविल कोर्ट के एपीपी परवेज हसन ने बताया कि देर रात तक तीनों कारोबारियों का शव लेकर गोपालगंज पहुंचने की संभावना है. मंगलवार को पैतृक गांव फतहां में सुपुर्द-ए-खाक किया जायेगा. सुपुर्द-ए-खाक में बड़ी संख्या में शहर के कारोबारी व फतहां गांव के ग्रामीण शामिल होंगे.
कारोबारियों के घरों में मातम
अजमेरशरीफ में दुआ कुबूल कराने के लिए कारोबारी पहुंचे थे, लेकिन अल्लाह को कुछ और ही मंजूर था. घर की खुशहाली के लिए गये कारोबारियों के घर मातम छा गया. परिजनों के मुताबिक अजमेरशरीफ से सभी कारोबारी लौट रहे थे.
लौटने के क्रम में लखनऊ-आगरा एक्सप्रेसवे पर उन्नाव के पास हादसा हुआ. इस हादसे में स्पॉट पर ही तीनों कारोबारियों की मौत हो गयी, जबकि कार में सवा तीन अन्य घायल हो गये.
गोपालगंज. मो असलम का कारोबार अब कौन संभालेगा, इसको लेकर परिजन भी आहत हैं. असलम के चार बेटे हैं. दो बेटे पढ़ाई करने के बाद जॉब करते हैं. सबसे छोटा फैजल और इससे बड़ा नाजू पढ़ाई कर रहा है.
अब कारोबार बेटों को ही संभलना होगा. हादसे की खबर मिलने के बाद अलीगढ़ में एडमिशन कराने गया फैजल, उसके भाई नाजू और वसीम गोपालगंज के लिए सोमवार की शाम को ही रवाना हो गये. बेटों के आने के बाद फतहां में मंगलवार को सुपुर्द-ए-खाक सुबह 8.30 बजे किया जायेगा.
जहांगीर व इरशाद दरगाह शरीफ में होंगे सुर्पुद-ए-खाक
गोपालगंज. शहर के इसलामियां मुहल्ले के निवासी जूता-चप्पल के कारोबारी मो जहांगीर और मो इरशाद का जनाजा मंगलवार की सुबह 9.30 बजे निकलेगा. दरगाह शरीफ में दोनों को सुपुर्द-ए-खाक किया जायेगा.
इन कारोबारियों के जनाजे में शामिल होने के लिए बाहर रहनेवाले परिजन, मित्र और करीबी लोग सोमवार की देर शाम से पहुंचने लगे थे. जनाजे में राजद के जिलाध्यक्ष सह पूर्व विधायक रेयाजुल हक राजू, इम्तेयाज अली भुट्टो सहित कई राजनीतिक दलों के जनप्रतिनिधि भी शामिल होंगे.
