अपने हक से वंचित हो सकती हैं महिला

शिकंजा . विवाह का रजिस्ट्रेशन नहीं करानेवालों की बढ़ सकती हैं मुश्किलें शादी के रजिस्ट्रेशन को लेकर सरकारी स्तर पर सख्ती शुरू हो गयी है. अब शादी का रजिस्ट्रेशन नहीं कराने वालों की मुश्किलें बढ़ सकती हैं. संजय कुमार अभय गोपालगंज : शादी के बाद अगर आप अपने विवाह का रजिस्ट्रेशन नहीं कराये हैं तो […]

शिकंजा . विवाह का रजिस्ट्रेशन नहीं करानेवालों की बढ़ सकती हैं मुश्किलें

शादी के रजिस्ट्रेशन को लेकर सरकारी स्तर पर सख्ती शुरू हो गयी है. अब शादी का रजिस्ट्रेशन नहीं कराने वालों की मुश्किलें बढ़ सकती हैं.

संजय कुमार अभय

गोपालगंज : शादी के बाद अगर आप अपने विवाह का रजिस्ट्रेशन नहीं कराये हैं तो देर मत कीजिए, तत्काल रजिस्ट्रेशन करा लीजिए. क्योंकि शादी का रजिस्ट्रेशन नहीं कराने वालों की मुश्किलें बढ़ने वाली हैं. कानूनी तौर पर आप अपने कई अधिकारों से वंचित हो सकते हैं. खासकर महिलाओं को कठिनाइयों का सामना करना पड़ सकता है.

हिंदू विवाह एक्ट के तहत शादी का रजिस्ट्रेशन कराने के साथ ही पति के साथ बराबर की अधिकारी उसकी पत्नी हो जाती है. बिना शादी के रजिस्ट्रेशन के पति के अधिकार और संपत्ति में भी उसका हक नहीं बनेगा, चाहे वह पति के साथ विदेश की यात्रा हो, या डिफेंस की नौकरी करने वाले पति के साथ रहना.

शादी के रजिस्ट्रेशन की जरूरत अब हर जगह होगी. इस महत्वपूर्ण कार्य के प्रति लोगों की उदासीनता काफी भारी पड़ रही है. आमतौर पर लोग विवाह के रजिस्ट्रेशन के महत्व को नहीं समझ रहे हैं. नतीजा है कि माह में महज 2-3 लोग ही जिले में शादी का रजिस्ट्रेशन करा पा रहे हैं. आप अपनी पत्नी को उनका अधिकार देना चाहते हैं, तो तत्काल प्रभाव से शादी का रजिस्ट्रेशन करा लें.

ग्रामसभा को भी है विवाह रजिस्ट्रेशन का अधिकार : आप जिस ग्राम पंचायत में रहते हैं, वहां भी शादी का रजिस्ट्रेशन करा सकते हैं. ग्रामसभा को रजिस्ट्रेशन करने का अधिकार प्राप्त है. ग्रामसभा के अलावा शहर में वार्ड पार्षद भी रजिस्ट्रेशन कर सकते हैं, हालांकि अबतक लोग रजिस्ट्री कार्यालय में ही पहुंच कर सहायक रजिस्ट्रार के सामने अपने विवाह का रजिस्ट्रेशन कराते आ रहे हैं. लोगों की सुविधा को ध्यान में रखते हुए ग्राम सभा को रजिस्ट्रेशन का अधिकार दिया गया है, ताकि अधिक-से-अधिक लोग रजिस्ट्रेशन करा सकें.

शादी के नाम पर बंद होगी धोखाधड़ी

रजिस्ट्रार दफ्तर के अफसरों ने बताया कि अब शादी के नाम पर धोखाधड़ी नहीं हो सकेगी. रजिस्ट्रेशन होने से व्यक्ति को एक ही बार शादी पंजीकरण का प्रमाण पत्र मिल सकता है. हिंदू मैरिज एक्ट के तहत किसी भी व्यक्ति को दूसरा प्रमाण पत्र नहीं जारी हो सकता. ऐसे में महिलाओं के साथ शादी के नाम पर धोखा नहीं दिया जा सकता.

ऑनलाइन करे रजिस्ट्रेशन

शादी के लिए ऑनलाइन भी रजिस्ट्रेशन कराया जा सकता है. इसके लिए अभी वोटर आइडी कार्ड, निवास प्रमाण पत्र की जरूरत है. ऑनलाइन आवेदन के बाद प्रमाण पत्र तैयार होने के साथ ही आवेदकों को मैसेज मिलेगा. प्रमाण पत्र लेने के लिए दंपती को रजिस्ट्रार के सामने जाकर विवाह पंजीकरण प्रमाणपत्र लेना होगा.

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