गया जी. ईरान और इजराइल के बीच जारी भीषण युद्ध की तपिश अब गया जिले की रसोई और व्यापार तक पहुंच गयी है. अंतरराष्ट्रीय परिस्थितियों के कारण कॉमर्शियल गैस की सप्लाइ पूरी तरह से रोक दी गयी है. वहीं, घरेलू उपभोक्ताओं के लिए 14.2 किलोग्राम वाले रसोई गैस सिलिंडर की कीमतों में सात मार्च से 60 रुपये का इजाफा कर दिया गया है. इसके साथ ही गैस रिफिलिंग की बुकिंग अवधि को भी बढ़ाकर 25 दिन कर दिया गया है. इस अचानक हुए बदलाव और बाजार में फैल रही तरह-तरह की अफवाहों के कारण पूरे जिले के उपभोक्ताओं में अफरातफरी का माहौल कायम हो गया है. गैस एजेंसियों के बाहर लोगों की भारी भीड़ उमड़ रही है. हालात को बेकाबू होता देख जिलाधिकारी शशांक शुभंकर ने बुधवार को कलेक्ट्रेट में जिले के सभी 73 गैस एजेंसी संचालकों को तलब किया. अपर समाहर्ता (विधि व्यवस्था) मोहम्मद शफीक की अध्यक्षता और सदर एसडीओ अनिल कुमार रमन की मौजूदगी में घंटों चली इस बैठक में आवश्यक निर्देश दिये गये. डीएम ने बताया कि एलपीजी आपूर्ति को अब आवश्यक सेवा अनुरक्षण अधिनियम (एस्मा) के दायरे में रखा गया है. डीएम शशांक शुभंकर ने स्पष्ट किया है कि गया जिले में घरेलू एलपीजी गैस सिलिंडरों की कोई कमी नहीं है. कमी की अफवाहों के कारण उपभोक्ताओं में गैस की मांग असामान्य रूप से बढ़ गयी है, जिससे कुछ वितरकों के पास अस्थायी रूप से स्टॉक खत्म हो रहा है. डीएम ने कहा कि वर्तमान स्टॉक और बॉटलिंग प्लांट से मिल रही आपूर्ति के आधार पर जिले में पर्याप्त एलपीजी उपलब्ध है. उन्होंने लोगों से पैनिक न होने और अफवाहों से बचने की अपील की है.
वेंडरों की सुरक्षा पर मंडराया खतरा
प्रशासन के दावों के बीच जमीनी हकीकत गैस संचालकों की रातों की नींद उड़ा रही है. बैठक से बाहर निकले संचालकों ने बताया कि पहले हर तीन दिन पर 300 सिलिंडर से भरा एक ट्रक आता था, जो अब सात से 10 दिनों में आ रहा है. आपूर्ति कम होने के कारण उपभोक्ताओं का गुस्सा वेंडरों पर फूट रहा है. मीटिंग के दौरान ही कई संचालकों को उनके ठेला वेंडरों ने फोन कर बताया कि गांवों में उग्र ग्रामीणों ने उन्हें रोक लिया है और जबरन ठेले से सिलिंडर उतारे जा रहे हैं. स्थानीय बुद्धिजीवियों की मदद से किसी तरह मामला शांत कराया जा रहा है.
कालाबाजारी और जमाखोरी पर पुलिस की पैनी नजर
ठेला वेंडरों के साथ हो रही जोर-जबरदस्ती और गैस की कालाबाजारी की शिकायतों पर एसएसपी सुशील कुमार ने सख्त रुख अपनाया है. एसएसपी ने बताया कि पुलिस महकमा पूरी तरह सचेत है. सभी डीएसपी, सर्किल इंस्पेक्टरों और थानाध्यक्षों को निर्देश दिया गया है कि कालाबाजारी या जमाखोरी की सूचना मिलते ही तुरंत छापेमारी करें. साथ ही, सड़कों पर सप्लाई करने वाले वेंडरों को सुरक्षा प्रदान करने और ठेले को घेरकर भीड़ लगाने वालों पर त्वरित कानूनी कार्रवाई करने का आदेश दिया गया है.
होटल और कैटरिंग व्यवसाय बंदी की कगार पर
कॉमर्शियल गैस की सप्लाइ बंद होने से शहर के व्यापारियों की कमर टूट गयी है. विष्णुपद मंदिर के पास स्थित श्रीविष्णु व्यू होटल के संचालक रवि चौरसिया ने बताया कि उनके रेस्टोरेंट में रोज दो कॉमर्शियल सिलिंडर की खपत है. स्टॉक खत्म होने के कारण गुरुवार से रेस्टोरेंट बंद करने की नौबत आ गयी है. वहीं, गणपति वेडिंग प्लानर के संचालक बादल सिन्हा का कहना है कि गनीमत है कि शादियों का लगन अब समाप्ति की ओर है. लेकिन अगर अप्रैल तक सप्लाई बहाल नहीं हुई, तो आगामी वैवाहिक कार्यक्रमों की बुकिंग लेना नामुमकिन हो जाएगा.
