संसाधन भरपूर, फिर भी नहीं उठता हर दिन लोगों के घरों से कचरा

नगर निगम में इन दिनों संसाधनों की कोई कमी नहीं है. इसके बाद भी लोगों को इसका समुचित लाभ नहीं मिल पा रहा है. संसाधनों की अधिकता के बाद भी हर दिन कई मुहल्लों से कचरे का उठाव तक नहीं होता है.

गया. नगर निगम में इन दिनों संसाधनों की कोई कमी नहीं है. इसके बाद भी लोगों को इसका समुचित लाभ नहीं मिल पा रहा है. संसाधनों की अधिकता के बाद भी हर दिन कई मुहल्लों से कचरे का उठाव तक नहीं होता है. जानकारी के अनुसार, बैठक में हर बार शहर को बड़े शहरों की तर्ज पर विकसित बनाने का सपना व खाका लोगों को मीडिया के माध्यम से दिखाया जाता है. लेकिन, जमीन पर हकीकत कुछ और ही दिखती है. निगम सूत्रों का कहना है कि शहर के घरों से कचरा उठाव को कारगर बनाने के लिए क्यूआर कोड लगाये गये. निगम का दावा है कि करीब 75 हजार घरों में क्यूआर कोड लगा दिये गये हैं. यहां से कचरा उठाव कर स्कैन कर कर्मचारी कार्यालय को सूचना देते हैं. शहर में 82 हजार से अधिक होल्डिंग निगम आंकड़ा के अनुसार है. हकीकत यह है कि शहर में होल्डिंग की संख्या एक लाख से भी पार कर गयी है. इसके बाद हर घर से क्यूआर कोड की सूचना पर कचरा उठाव का दावा फेल ही दिखता है. देखा जाये, तो शहर के बीच में ही कई मुहल्लों से कचरे का उठाव हर दिन नहीं होता है. इसके बाद शहर की सीमा वाले क्षेत्र में इसके बारे में पूछना ही बेमानी लगता है.

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