Gaya News : गांधी मैदान में नये निर्माण के विरोध के बाद डीएम ने जांच के लिए बनायी कमेटी

Gaya News : कार्रवाई. पांच विभिन्न विभागों के अधिकारियों व एक सामाजिक कार्यकर्ता को किया गया है शामिल

गया. गांधी मैदान में नये निर्माण का लोगों की ओर से विरोध के बाद डीएम ने काम को बंद रखने की सलाह देते हुए जांच के लिए एक कमेटी गठित कर दी है. लोगों द्वारा निर्माण का विरोध करने के लिए गांधी मैदान बचाओ संघर्ष समिति भी बना ली गयी है. समिति की कमान पार्षद गजेंद्र सिंह संभालते हुए बैठक व प्रदर्शन के माध्यम से विरोध कर रहे थे. प्रभात खबर ने इसे पूरे मामले को गंभीरता से उठाया था. उसके बाद डीएम डॉ त्यागराजन ने संज्ञान लेते हुए कार्रवाई शुरू कर दी. डीएम ने साफ तौर पर लिखा है कि प्रभात खबर में प्रकाशित समाचार के अनुरूप पटना उच्च न्यायालय के आदेश, उस वक्त के अधिकारी की ओर से जारी आदेश के साथ वर्तमान निर्माण के एस्टिमेट को बारीकी से जांच कर रिपोर्ट दें. इस जांच में किसी भी एक बिंदु को अनदेखी नहीं करनी है. रिपोर्ट एक सप्ताह के अंदर ही दे दी जाये. जांच के दौरान निर्माण काम करना उचित नहीं होगा. डीएम की ओर से गठित जांच कमेटी में वन प्रमंडल पदाधिकारी, सहायक निदेशक अल्पसंख्यक कल्याण सह प्रभारी पदाधिकारी सामान्य शाखा, पर्यटन के प्रभारी पदाधिकारी, बिहार राज्य पर्यटन विकास निगम के प्रबंधक, वृजनंदन पाठक सामाजिक कार्यकर्ता को शामिल किया गया हैं. पूरे मामले को ऐसे समझिए गांधी मैदान के मामले में हाइकोर्ट में सुनवाई के बाद ज्ञापांक-536 नौ अप्रैल 2013 को मुख्य सचिव की ओर से जारी आदेश में कहा गया है कि गांधी मैदान सहित जिले के शहरी क्षेत्र के किसी भी भूखंड पर अनाधिकृत रूप से कोई भी संरचना या भवन बनाने की अनुमति नहीं दें. किसी तरह से अतिआवश्यक होने पर भूमि हस्तानांतरण या लीज बंदोबस्ती की विधि सम्मत कार्रवाई के बाद ही ऐसे निर्माण की अनुमति दें. फिलहाल यहां पर वन एवं पर्यावरण विभाग की ओर से निर्माण काम कराया जा रहा है, जबकि दिसंबर 2017 में अंचल कार्यालय से मापी के बाद डीएम को दिये गये प्रतिवेदन में वन विभाग का यहां पर किसी तरह की जमीन होने की बात ही नहीं की गयी है. गांधी मैदान की जमीन पर हरिहर सुब्रमण्यम स्टेडियम, गांधी मंडप, चर्च, इंडोर स्टेडियम, रेड क्रॉस, संवास सदन भवन, गया संग्राहलय, भवन निर्माण निगम कार्यालय, राष्ट्रीय उच्च पथ कार्यालय, जिला सैन्य कार्यालय, सैन्य अभियंत्रण आवास, मत्स्य विभाग कार्यालय, भरत दूरसंचार निगम के भवन को बताया गया है.

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Author: PANCHDEV KUMAR

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