वार्ड नंबर आठ चमरटोली, वार्ड 47 चमरटोली, वार्ड 46 राजेंद्र धर्मशाला के निकट काम को अंतिम रूप दिया जा रहा है. कुछ जगहों पर पाइपलाइन का विस्तार किया जा रहा है, तो कुछ जगहों पर वाटर टैंक रखने के लिए टावर की ढलाई की जा रही है. हालांकि, इस योजना में कुछ कनीय अभियंताओं के रुचि नहीं लेने से लेट-लतीफी भी देखी जा रही है. चार महीने पहले शुरू हुई इस योजना की रफ्तार धीमी हाेने से कुछेक इलाकों में अब तक काम पूरा नहीं हो पाया है़ भुसुंडा बाला पर के रहने वाले सुरेंद्र कुमार ने बताया कि नयी व्यवस्था से हमलोगों को आसानी से पानी मिलने लगा है.
अब एक एचपी के मोटर से 50 घरों में वाटर सप्लाइ
जलसंकट से जूझ रहे शहरवासियों को जल्द ही राहत मिलेगी. अब नगर निगम ने एक एचपी के मोटर से 50 घरों में वाटर सप्लाइ की व्यवस्था की है. ऐसे में चौपट होते जा रहे वाटर सप्लाइ सिस्टम को दुरुस्त करने में जहां निगम को मदद मिलेगी, वहीं योजना पर सही तरीके से अमल हाेने के […]

जलसंकट से जूझ रहे शहरवासियों को जल्द ही राहत मिलेगी. अब नगर निगम ने एक एचपी के मोटर से 50 घरों में वाटर सप्लाइ की व्यवस्था की है. ऐसे में चौपट होते जा रहे वाटर सप्लाइ सिस्टम को दुरुस्त करने में जहां निगम को मदद मिलेगी, वहीं योजना पर सही तरीके से अमल हाेने के बाद पेयजल समस्या भी कुछ हद तक दूर हो जायेगी. प्रयोग के तौर पर इस योजना को सफलता से पूरा किया जा चुका है.
गया:नगर विकास विभाग की ओर से मुख्यमंत्री सात निश्चय योजना में सबके लिए नल जल योजना के तहत नगर निगम के माध्यम से मिनी जलापूर्ति केंद्र (बैट) स्थापित कर वाटर सप्लाइ की व्यवस्था की जा रही है. इसके तहत चार स्लम एरिया में पेयजल की अापूर्ति शुरू कर दी गयी है. मेयर सोनी कुमारी व नगर आयुक्त विजय कुमार की संयुक्त पहल पर वाटर सप्लाइ के लिए पहले फेज में शहर के 18 स्लम एरिया का चयन किया गया है. इनमें बहोरा बिगहा, भुसुंडा बाला पर, छितरिया गली सलेमपुर व बिनोवा नगर स्लम कॉलोनी में इस योजना का काम पूरा कर लिया गया है. इन जगहों पर मिनी जलापूर्ति केंद्र चालू हो गये हैं. यहां पर 50-50 घरों में पानी मिलने लगा है.
जलापूर्ति समस्या हद तक होगी दूर
मिनी जलापूर्ति केंद्र स्थापित कर स्लम एरिया में वाटर सप्लाइ की योजना प्रारंभिक तौर पर सफल कही जा सकती है. इस योजना को जल्द पूरा करने का आदेश दिया गया है. योजना पूरी होने के बाद बहुत हद तक जल संकट दूर कर लिया जायेगा. गरमी के दिनों में इन जगहों पर सबसे अधिक समस्या पेयजल की होती है. मिनी जलापूर्ति केंद्र का काम पितृपक्ष मेले के बाद पूरा कर लिया जायेगा.
सोनी कुमारी, मेयर, नगर निगम