पहले गया का बेटा, फिर बिहार का नेता : अवधेशपशुपालन व मत्स्यपालन को बढ़ावा देकर दूर की जायेगी बेरोजगारीडेयरी के लिए 50 व मत्स्यपालन के लिए 80 फीसदी मिलेगा अनुदान10 साल तक के कुपोषित बच्चों कंफेड से दिलाया जायेगा दूधमंत्री बनने पर पहली बार गया पहुंचे मंत्री का हुआ भव्य स्वागतसंवाददाता, गयागया की जमीन पर जन्म लिया हूं, इसलिए पहले मैं गया का बेटा हूं, फिर बिहार का नेता हूं. ये बातें पशुपालन व मत्स्यपालन मंत्री सह वजीरगंज विधायक अवधेश कुमार सिंह ने कहीं. वह बुधवार को कांग्रेस के जिला कार्यालय राजेंद्र आश्रम में आयोजित अभिनंदन समारोह को संबोधित कर रहे थे. श्री सिंह ने कहा कि राज्य से पलायन को रोकने के लिए पशुपालन व डेयरी उद्योग को बढ़ावा दिया जायेगा. डेयरी के लिए 50 प्रतिशत व मत्स्यपालन के लिए 80 प्रतिशत अनुदान मिलेगा, ताकि अधिक से अधिक लोगों को रोजगार मिल सके. उन्होंने कहा कि कुपोषण के शिकार एक से 10 साल के बच्चे होते हैं. ऐसे बच्चों को बिहार स्टेट को-ऑपरेटिव फेडरेशन लिमिटेड (कंफेड) की मदद से दूध मुहैया कराया जायेगा. उन्होंने कहा कि उनकी जीत महागंठबंधन प्रत्याशी के रूप में हुई है. इसलिए वह, कांग्रेस, जदयू व राजद के नेताओं व कार्यकर्ताओं के चेहरों पर मुस्कान देखना चाहते हैं. इससे पहले मंत्री बनने के बाद पहली बार गया पहुंचने पर राजेंद्र आश्रम में श्री सिंह का भव्य अभिनंदन किया गया. समारोह का आयोजन गया जिला कांग्रेस कमेटी व इंटक के संयुक्त तत्वावधान में किया गया था. इस मौके पर कांग्रेस, जदयू व राजद के नेता व कार्यकर्ता उपस्थित थे. अभिनंदन समारोह की अध्यक्षता व संचालन कांग्रेस जिला अध्यक्ष चंद्रिका प्रसाद यादव द्वारा किया गया. कार्यक्रम में कई नेताओं व कार्यकर्ताओं ने मंत्री से गया व बिहार का नाम शिखर तक पहुंचाने की उम्मीद भी जतायी.
पहले गया का बेटा, फिर बिहार का नेता : अवधेश
पहले गया का बेटा, फिर बिहार का नेता : अवधेशपशुपालन व मत्स्यपालन को बढ़ावा देकर दूर की जायेगी बेरोजगारीडेयरी के लिए 50 व मत्स्यपालन के लिए 80 फीसदी मिलेगा अनुदान10 साल तक के कुपोषित बच्चों कंफेड से दिलाया जायेगा दूधमंत्री बनने पर पहली बार गया पहुंचे मंत्री का हुआ भव्य स्वागतसंवाददाता, गयागया की जमीन पर […]
