गया : माैसम में उतार-चढ़ाव के साथ लाेगाें के स्वासथ्य पर भी असर पड़ रहा है. पिछले करीब आठ दिनाें से माैसम का मिजाज बदला-बदला सा है. पिछले दिनाें हुई बारिश के बाद माैसम थाेड़ा सुहाना ताे हुआ पर कनकनी ऐसी कि हाथ-पांव निकालना मुश्किल हाे रहा है. शाम ढलते ही काेहरा घेर ले रहा है, जाे दिन के करीब आठ बजे तक छाया रह रहा है.
दाे दिन बाद हाे सकती है बारिश
गया : माैसम में उतार-चढ़ाव के साथ लाेगाें के स्वासथ्य पर भी असर पड़ रहा है. पिछले करीब आठ दिनाें से माैसम का मिजाज बदला-बदला सा है. पिछले दिनाें हुई बारिश के बाद माैसम थाेड़ा सुहाना ताे हुआ पर कनकनी ऐसी कि हाथ-पांव निकालना मुश्किल हाे रहा है. शाम ढलते ही काेहरा घेर ले रहा […]

इसकी वजह से काफी नमी हाे गयी आैर इसी नमी की वजह से अधिक ठंड महसूस हाे रही है. अभी माैसम में सुधार की संभावना नहीं है. रविवार काे गया का न्यूनतम तापमान 8.6 डिग्री व अधिकतम तापमान 23.4 डिग्री सेल्सियस रहा. शनिवार काे न्यूनतम 6.9 डिग्री व अधिकतम 19.8 डिग्री सेल्सियस था.
रविवार काे सुबह की आर्द्रता जहां 95 प्रतिशत रही वहीं शाम की आर्द्रता 65 प्रतिशत रही. माैसम विज्ञान केंद्र, पटना के मुताबिक बुधवार काे बारिश की संभावना जतायी जा रही है. 26 दिसंबर से धुंध के साथ काेहरा छाया रहने की संभावना है. सर्द हवा के बहने से काेल्ड वेव सा रहेगा.
बारिश से घर के बाहर रखी धान
की फसल काे हाेगी क्षति
साेमवार काे माैसम साफ रहेगा पर शाम से ही काेहरा छाये रहने की वजह से ठंड अधिक महसूस की जायेगी. कनकनी बरकरार रहेगी. माैसम के खराब रहने की वजह से शाम जल्दी ही बाजार में लाेगाें की आवाजाही समाप्त हाे जा रही है. जाे लाेग बाजार में रहते हैं, वह भी जल्दी घर जाने की तैयारी में रहते हैं.
इसकी वजह से दाेपहर में ही मार्केट में थाेड़ी चहल-पहल दिखती है. सरकारी स्तर पर कहीं अलाव की व्यवस्था अब तक की गयी है, एेसी सूचना नहीं है पर लाेग खुद के इंतजाम से जगह-जगह अलाव जलाते दिख रहे हैं.
सुबह करीब नाै बजे तक लाेग घराें में ही लिहाफ में दुबके देखे जा रहे हैं. माैसम पूर्वानुमान के मुताबिक अगर बुधवार काे बारिश हाे गयी, ताे धान की फसल जाे घर के बाहर हैं, उनकाे भारी नुकसान हाेगा. चूंकि पिछले सप्ताह हुई बारिश ने धान की फसल काे जाे भिंगाेया है, वह अब तक सूख नहीं पायी है.