Darbhanga News: दरभंगा. बिहार सरकार के शिक्षा सचिव वैद्यनाथ यादव डिजिटल प्लेटफार्म समर्थ पोर्टल की प्रासंगिकता व प्रशिक्षण कार्यक्रम के सिलसिले में बुधवार को कामेश्वर सिंह दरभंगा संस्कृत विवि आये थे. उन्होंने कुलपति प्रो. लक्ष्मी निवास पांडेय से इसके अलावा शैक्षणिक गतिविधियों से जुड़ी अन्य जानकारियां ली. कुलपति ने सरकार के सभी आदेशों-निर्देशों को पालन करने का भरोसा दिलाया. विश्वविद्यालय की गतिविधियों से उन्हें वाकिफ कराया. पीआरओ निशिकांत के अनुसार दरबार हॉल में समर्थ पोर्टल पर प्रशिक्षण कार्यक्रम में शिक्षा विभाग की टीम ने कर्मचारियों को पोर्टल की विशेषता, उपयोगिता व प्रासंगिकताओं के बारे में विस्तार से बताया. टीम की सदस्या प्रो. स्निग्धा ने कहा कि विश्वविद्यालय के अब सभी प्रशासनिक व शैक्षणिक कार्य पोर्टल के 44 मोड्यूल द्वारा ही संपादित किया जाना है. इसको लेकर किसी भी प्रकार की भ्रांति दूर कर लेनी होगी. विभाग इस मामले में काफी संवेदनशील है. आप सभी को भी पोर्टल को व्यवहार में लाना शुरू कर देना चाहिए. छात्रों का प्रवेश, परीक्षा, परिणाम, प्रमाणपत्र समेत अन्य डेटा और प्रशासनिक कार्यों को सुव्यवस्थित करना है. साथ ही शिक्षकों एवं कर्मचारियों के तम्माम रिकॉर्ड को प्रबंधित करने का भी काम करता है, जिससे पारदर्शिता और दक्षता बढ़ेगी. पदोन्नति, वेतन वितरण, छुट्टी प्रबंधन जैसे कार्यों को भी डिजिटल बनाया जाना है. कुलसचिव प्रो. ब्रजेशपति त्रिपाठी ने टीम को बताया कि तकनीकी व आधारभूत परेशानियों के कारण संस्कृत विश्वविद्यालय फिलहाल सात मॉड्यूल को ही व्यवहृत कर पाया है. इसमें बढ़ोतरी का उपक्रम जारी है. डीआर वन डॉ नवीन कुमार झा ने भी पोर्टल के बारे में बताया तथा आ रही तकनीकी परेशानियों को रखा. डीन प्रो. पुरेंद्र वारिक एवं सीसीडीसी डॉ दिनेश झा ने भी विचार रखते हुए पोर्टल को उपयोगी बताया. इससे पूर्व कुलपति ने शिक्षा सचिव वैद्यनाथ यादव को गुलदस्ता से स्वागत किया.
डिस्क्लेमर: यह प्रभात खबर समाचार पत्र की ऑटोमेटेड न्यूज फीड है. इसे प्रभात खबर डॉट कॉम की टीम ने संपादित नहीं किया है
