Darbhanga News: दरभंगा नगर निगम के संविदा और दैनिक कर्मियों की तीन सूत्री मांगों को लेकर चल रही अनिश्चितकालीन हड़ताल सोमवार को पांचवें दिन भी जारी रही. महासंघ संयुक्त मोर्चा संघ के बैनर तले हड़ताली कर्मी निगम परिसर में धरने पर डटे रहे और नियमितीकरण, ठेका प्रथा समाप्त करने तथा समान काम के लिए समान वेतन की मांग को लेकर सरकार के खिलाफ नारेबाजी की. हड़ताल का सबसे अधिक असर अब शहर की सफाई व्यवस्था पर दिखने लगा है.
48 वार्डों में कूड़े का अंबार, लोगों की बढ़ी परेशानी
पांच दिनों से सफाई कार्य पूरी तरह ठप रहने के कारण नगर निगम के 48 वार्डों की सड़कें, गलियां और कचरा प्वाइंट कूड़े से पट गए हैं. सोमवार को हुई हल्की बारिश के बाद हालात और बिगड़ गए. कूड़ा भीगकर कीचड़ में बदल गया, जिससे लोगों का पैदल चलना भी मुश्किल हो गया.
दुर्गंध और मक्खियों से बढ़ी बीमारी की आशंका
कई दिनों से जमा कचरा सड़ने लगा है, जिससे आसपास के इलाकों में तेज दुर्गंध फैल रही है. कचरा प्वाइंट के पास रहने वाले लोगों का घरों में रहना और भोजन करना भी मुश्किल हो गया है. जगह-जगह मक्खियों का प्रकोप बढ़ गया है, जबकि आवारा पशु भी कूड़े के ढेरों के आसपास जमा हो रहे हैं.
मृत पशुओं के शव बने चिंता का कारण
स्थिति की गंभीरता का अंदाजा इसी बात से लगाया जा सकता है कि शहर के कई स्थानों पर मृत पशुओं के शव पड़े हुए हैं. इनमें कीड़े पड़ने लगे हैं, जिससे संक्रमण और महामारी फैलने की आशंका बढ़ गई है. नगर निगम कार्यालय परिसर के आसपास भी कचरा और गंदा पानी जमा होने से हालात चिंताजनक बने हुए हैं.
'पूरे बिहार में फैसला होने तक जारी रहेगा आंदोलन'
हड़ताली कर्मियों ने साफ कहा है कि जब तक पूरे बिहार में उनकी मांगों पर एक साथ निर्णय नहीं लिया जाता, तब तक आंदोलन वापस नहीं लिया जाएगा. कर्मियों का कहना है कि वे नियमितीकरण, ठेका प्रथा समाप्त करने और समान काम के बदले समान वेतन की मांग पर अडिग हैं.
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