Darbhanga News: हनुमाननगर के पटोरी गांव में रक्षाबंधन के दिन भाई-बहन के रिश्ते का एक बेहद भावुक कर देने वाला प्रसंग सामने आया. करीब दो महीने से बीमार चल रहे 62 वर्षीय पूर्व सैनिक अनिल कुमार चौधरी ने अपनी बहन के हाथों राखी बंधवाने के बाद अंतिम सांस ली. बहन को देखते हुए भाई के निधन की घटना पूरे इलाके में चर्चा का विषय बनी हुई है.
दो महीने से चल रहा था पूर्व सैनिक का इलाज
पटोरी गांव निवासी पूर्व सैनिक अनिल कुमार चौधरी करीब दो महीने से बीमार थे. उनका इलाज चल रहा था. रक्षाबंधन के अवसर पर उनकी 64 वर्षीय बहन उषा सिन्हा मायके पहुंचीं. उषा सिन्हा की शादी शिवहर के हिरोता गांव में हुई है.
बहन ने मायके पहुंचकर अपने बीमार भाई की कलाई पर राखी बांधी. बताया जाता है कि राखी बांधने के कुछ ही देर बाद अनिल कुमार चौधरी ने अंतिम सांस ली.
बहन के आने का मानो इंतजार कर रहे थे भाई
परिजनों और ग्रामीणों के बीच यह घटना भावुक चर्चा का विषय बनी हुई है. ऐसा लगा मानो अनिल कुमार चौधरी अपनी बहन के आने का इंतजार कर रहे थे. बहन के मायके पहुंचने और राखी बांधने के बाद उन्होंने दुनिया को अलविदा कह दिया. रक्षाबंधन के दिन भाई-बहन की यह आखिरी मुलाकात परिवार के लिए हमेशा भावुक स्मृति बनी रहेगी.
पीछे छोड़ गए भरा-पूरा परिवार
पूर्व सैनिक अनिल कुमार चौधरी अपने पीछे भरा-पूरा परिवार छोड़ गए हैं. परिवार में पत्नी, दो बेटे, बहू, पोता, बेटी, दामाद और नाती हैं. उनके निधन से परिवार में शोक का माहौल है.
रक्षाबंधन के दिन हुई इस घटना ने ग्रामीणों को भी भावुक कर दिया. भाई की कलाई पर राखी बांधने के बाद बहन के सामने ही भाई का दुनिया से चले जाना पूरे क्षेत्र में चर्चा का विषय बना हुआ है.
