दरभंगा: डीएमसीएच के इमरजेंसी विभाग में बुधवार को इलाज कराने पहुंचे एक मरीज और उसके परिजनों की ड्यूटी पर तैनात पीजी डॉक्टरों से कहासुनी हो गई. विवाद बढ़ने पर कुछ देर के लिए इमरजेंसी परिसर में अफरा-तफरी का माहौल बन गया. हालांकि सुरक्षा कर्मियों और अस्पताल प्रशासन की तत्परता से स्थिति पर जल्द ही नियंत्रण पा लिया गया.
भर्ती को लेकर शुरू हुआ विवाद
जानकारी के अनुसार, मधुबनी जिले के बिस्फी थाना क्षेत्र निवासी 25 वर्षीय अनिल महतो इलाज के लिए डीएमसीएच इमरजेंसी पहुंचे थे. मरीज और उनके परिजनों की मांग थी कि उन्हें तुरंत अस्पताल में भर्ती किया जाए. वहीं, ड्यूटी पर मौजूद पीजी डॉक्टरों का कहना था कि पहले आवश्यक जांच रिपोर्ट आने के बाद ही मरीज की स्थिति के अनुसार भर्ती का निर्णय लिया जाएगा. इसी बात को लेकर दोनों पक्षों के बीच विवाद शुरू हो गया.
डॉक्टरों से अभद्रता का आरोप
सूत्रों के अनुसार, विवाद के दौरान मरीज के परिजनों द्वारा डॉक्टरों के साथ अभद्र व्यवहार भी किया गया. इससे कुछ समय के लिए इमरजेंसी वार्ड में तनाव का माहौल बन गया. वहां मौजूद अन्य मरीजों और उनके परिजनों में भी हलचल मच गई.
सुरक्षा कर्मियों और अधीक्षक ने संभाला मोर्चा
घटना की सूचना मिलते ही सुरक्षा गार्ड के सुपरवाइजर महेश सिंह अपनी टीम के साथ मौके पर पहुंचे और स्थिति को नियंत्रित किया. मामले की जानकारी डीएमसीएच अधीक्षक डॉ. जगदीश चंद्रा को भी दी गई. अधीक्षक स्वयं इमरजेंसी पहुंचे, पूरे मामले की जानकारी ली और मरीज को भर्ती करने का निर्देश दिया.
सूचना पर पहुंची पुलिस, बाद में चले गए परिजन
घटना की जानकारी मिलने पर बेंता थानाध्यक्ष विनय मिश्रा भी पुलिस बल के साथ डीएमसीएच पहुंचे और स्थिति का जायजा लिया. अस्पताल सूत्रों के अनुसार, बाद में मरीज और उसके परिजन बिना किसी को सूचना दिए इमरजेंसी विभाग से चले गए. फिलहाल मामले को लेकर किसी पक्ष की ओर से औपचारिक शिकायत दर्ज नहीं कराई गई है.
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