हाइकोर्ट की सख्ती . काम पर लौटे पीजी डाॅक्टर
डीएमसीएच में भरती होने लगे मरीज
दरभंगा : हाइकोर्ट एवं सरकार की सख्ती पर शुक्रवार को डीएमसीएच के पीजी डाक्टर हड़ताल से वापस लौटे. पीजी डाक्टरों ने सबसे पहले आज दिन के 2.40 बजे इमरजेंसी वार्ड में चौथे दिन काम-काज शुरू किया. दूसरी ओर हड़ताली करीब 200 पीजी डाॅक्टरों की सूची हाइकोर्ट को भेजी गयी है.
इधर ऑल पीजी डाॅक्टरर्स एंड यूजी एसोसिएशन के डाॅ जैतीस कुमार सिंह ने हड़ताल समाप्त करने की घोषणा की. इस घोषणा के साथ ही पीजी डाॅक्टरों ने वार्डों में अपनी कमान संभाल ली है. प्राचार्य डा. आरके सिन्हा ने हड़ताल समाप्ति के बाद वार्डों का जायजा भी लिया. सभी डाॅक्टर तैनात देखे गये.
पीजी डाॅक्टरों के चैंबर में बैठते ही चहल-पहल शुरू हो गयी. मरीजों के भर्ती का सिलसिला तेज हो गया. मरीजों के चेहरे खिल उठे. दवा भंडार, पैथोलॉजिकल जांच आदि यूनिटों के कर्मी तैनात देखे गये.
हड़ताली डाॅक्टरों की सूची हाइकोर्ट को सौंपी गयी है. इसमें पहले एवं दूसरे सत्र के पीजी डाक्टर शामिल है. तीसरे सत्र के सात दर्जन पीजी डाक्टरों को ड्यूटी में तैनात दिखाया गया है. यह सूची 16 से 18 मई तक के हड़ताल अवधि की है. एचओडी ने प्राचार्य को यह सूची सौंपा है. यह सूची स्वास्थ्य विभाग को भेजा जा चुका है. इसमें सर्जरी के 29, मेडिसीन के 24, गायनिक के 13, शिशु रोग के 11, हड्डी रोग के 8, एनेसथेसिया के 9 पीजी डाॅक्टर शालि हैं. अन्य विभागों के पीजी डाॅक्टर शामिल हैं. प्राचार्य डाॅ आरके सिन्हा ने हड़ताल खत्म होने की पुष्टि की है. सूची के सवाल पर प्राचार्य ने संख्या बताने से इनकार किया है लेकिन हड़तालियों एवं गैर हड़तालियों की सूची भेजने की पुष्टि की है.
200 हड़ताली डाॅक्टरों की सूची भेजी
कहते हैं पीजी डॉक्टर : पीजी डॉक्टर जीतेश कुमार सिंह ने बताया कि मेडिकल प्रोटेक्शन एक्ट लागू होने के बाद हड़ताल की समाप्ति की घोषणा की गयी है. वे लोग मरीज के उपचार व्यवस्था में कोई व्यवधान नहीं डाला है. मरीज की सेवा उनका धर्म है. मरीज हमारी पूंजी है.
डीएमसीएच प्रशासन ने लिया जायजा : हड़ताल समाप्ति की घोषणा के बाद प्राचार्य डा. आरके सिन्हा इमरजेंसी वार्ड पहुंचे. प्राचार्य ने एचओडी और पीओडी की खोजबीन की. वे सीधे कैजुअल्टी रजिस्ट्रार रूम में पहुंचे. ड्यूटी पर तैनात पीजी डॉक्टरों का भी जायजा लिया गया. इसके बाद पत्रकारों से मुखातिब हो प्राचार्य प्रशासनिक भवन की ओर चले गये. इसके बाद प्रभारी अस्पताल अधीक्षक डा. बालेश्वर सागर ने भी वार्डों का जायजा लिया.
63 मरीज डिस्चार्ज : सेंशस रिपोर्ट के अनुसार 63 मरीजों को वार्डों से छुट्टी दे दी गयी. भरती मरीजों की कुल संख्या 336 बतायी गयी है. नये मरीजों की संख्या 22 है. एक भी मरीज की मौत नहीं हुई.
आज भी नहीं मिली सुरक्षा: स्वास्थ्य विभाग के प्रधान सचिव के आदेश के बावजूद दूसरे दिन डीएमसीएच में पुलिस और दंडाधिकारी की तैनाती नहीं की गयी. हड़ताल के चौथे दिन ओपीडी में पीजी डॉक्टर ने उपचार व्यवस्था में व्यवधान नहीं पहुंचाया.
