दरभंगा : डॉक्टरों की कमी से जुझ रहे डीएमसीएच को एकमुश्त 44 डॉक्टर मिल गये हैं. मेडिकल काउंसिल ऑफ इंडिया (एमसीआइ) के दबिश पर सरकार ने डीएमसीएच में 44 डाॅक्टरों को पदस्थापित किया है. यह बहाली मेडिकल छात्रों के पठन पाठन को लेकर किया गया है. उधर पीएचसी में 4 डाॅक्टर बहाल हुए हैं. इसमें पदस्थापित होनेवाले स्थायी एवं अस्थायी डॉक्टर शामिल हैं. इससे डीएमसीएच में पठन पाठन की स्थिति में सुधार होगा. छात्रों को विशेषज्ञ चिकित्सकों के अनुभव का लाभ मिलेगा. वहीं मरीजों को भी लाभ मिलेगा. समय समय पर मरीजों का इलाज भी वे करेंगे.
डीएमसीएच को मिले 44 डॉक्टर
दरभंगा : डॉक्टरों की कमी से जुझ रहे डीएमसीएच को एकमुश्त 44 डॉक्टर मिल गये हैं. मेडिकल काउंसिल ऑफ इंडिया (एमसीआइ) के दबिश पर सरकार ने डीएमसीएच में 44 डाॅक्टरों को पदस्थापित किया है. यह बहाली मेडिकल छात्रों के पठन पाठन को लेकर किया गया है. उधर पीएचसी में 4 डाॅक्टर बहाल हुए हैं. इसमें […]

ठेके पर बहाल किये गये डॉक्टर : डीएमसीएच के विभिन्न विभागों में 44 डॉक्टरों को पदस्थापित किया गया है. इसमें ठेका पर प्राध्यापक एवं सह प्राध्यापक के पद पर बहाल किया गया है. इसमें सर्जरी विभाग में डॉ सुकु मार झा, डॉ सुधीर कुमार ठाकुर, नेत्र रोग विभाग में डॉ वीरेश्वर प्रसाद, शिशु रोग विभाग मेंं डॉ रामेश्वर प्रसाद एवं पोस्टमार्टम विभाग में डॉ मो. जिया अहमद शामिल हैं.
इन डॉक्टरों का कार्यकाल तीन साल का होगा : पांच विभागों में करीब डेढ दर्जन डॉक्टरों को तीन सालों के लिए पदस्थापित किया गया है. तीन वर्ष पूरा होने के बाद ऐसे डॉक्टर अपने मूल स्थान पर चले जायेंगे. हड्डी रोग विभाग में डॉ नवीन कुमार उपाध्याय, डॉ आभाष कुमार, डॉ अमित कुमार, डॉ पवन कुमार, डॉ कुणाल शंकर, डॉ अमीष कुमार, डॉ राजीव रंजन, डॉ एएन सिंह एवं डॉ मनोज कुमार गुप्ता को पदस्थापित किया गया है.
शिशु रोग विभाग में डॉ राजेश कुमार एवं डॉ विवेकानंद पॉल, मनोचिकित्सा विभाग में डॉ राकेश कुमार, रेडियोलॉजी विभाग में डॉ पवन कुमार व मेडिसीन विभाग में डॉ अशरफ आजम को बहाल किया गया है.
बोले प्राचार्य : डीएमसी के प्राचार्य डॉ आरके सिंहा ने कहा कि डीएमसीएच में 44 डॉक्टरों का पदस्थापन किया गया है.