दरभंगा : अर्जुन का मोह भंग करने के लिए भगवान श्रीकृष्ण ने उन्हें गीता का उपदेश दिया. भगवान का उपदेश पाकर अर्जुन को महाभारत जैसे युद्ध में सफलता मिली. श्यामा मंदिर में आषाढ़ नवरात्रा के मौके पर चल रहे भागवत कथा के दूसरे दिन कथावाचिका मीरा बहन ने उक्त बातें कही. उन्होंने साम-दाम की व्याख्या करते हुए कहा कि मन और इंद्रीय को संयमित कर ईश्वर प्रेम में समर्पण ही जीवन को स्थिरता देता है. सौर्य और धैर्य की चर्चा करते हुए उन्होंने दोनों को अपनी जीवन में उतारकर चलने का आह्वान किया. उन्होंने शौर्य एवं धैर्य को जीवन का दो पहिया बताया. आज सुबह श्रीमद् देवी भागवत एवं दुर्गा शप्तशती का पाठ किया गया. कार्यक्रम का शुभारंभ अनुपमा मिश्रा के भगवती गायन से हुआ. इसमें पारस पंकज, अनु प्रभा, विभा झा, आदि ने भी भजन गायन की.
जिंदगी को जानने के लिए गीता का अध्ययन जरूरी
दरभंगा : अर्जुन का मोह भंग करने के लिए भगवान श्रीकृष्ण ने उन्हें गीता का उपदेश दिया. भगवान का उपदेश पाकर अर्जुन को महाभारत जैसे युद्ध में सफलता मिली. श्यामा मंदिर में आषाढ़ नवरात्रा के मौके पर चल रहे भागवत कथा के दूसरे दिन कथावाचिका मीरा बहन ने उक्त बातें कही. उन्होंने साम-दाम की व्याख्या […]
