राजधानी पटना से सटे दानापुर में शुक्रवार (15 दिसंबर) को दिन दहाड़े अपराधियों ने छोटे सरकार (Chhote Sarkar) नाम के एक अपराधी की गोली मारकर हत्या कर दी गई है. अपराधियों ने दानापुर कोर्ट परिसर में शुक्रवार को दिनदहाड़े दो बजे बेऊर जेल से पेशी के लिए लाये गये पटना जिले के टॉप 20 कुख्यात अपराधियों में शामिल 27 वर्षीय अभिषेक कुमार उर्फ छोटे सरकार की फिल्मी स्टाइल में गोली मार कर हत्या कर दी गई. अपराधियों ने उस पर आधा दर्जन से अधिक गोलियां बरसायी. जिसमें से चार गोली अभिषेक को लगी. तीन गोली पेट में और एक सिर में लगी. उसे आनन-फानन में पारस अस्पताल लाया गया, जहां डॉक्टरों ने मृत घोषित कर दिया. वारदात के दौरान अभिषेक की सुरक्षा में रहे पुलिसकर्मियों ने गोली मारने वाले दो अपराधियों को पकड़ लिया. इनमें मुजफ्फरपुर के भगवानपुर निवासी समरजीत व एक नाबालिग शामिल है.
पटना SSP राजीव मिश्रा ने इस मामले में पत्रकारों से बात करते हुए कहा कि “एक कैदी को पेशी पर लाया गया था, जिस दौरान उसकी हत्या कर दी गई. पुलिस ने दोनों हमलावरों को पकड़ लिया है. उनके पास से दो हथियार भी बरामद किया गया हैं. पुलिस पूरे मामले की जांच चल रही है. एसएसपी ने साफ कहा कि यह बहुत गंभीर मामला है, CCTV की हम जांच कर रहे हैं. इस मामले में जिस किसी की लापरवाही सामने आयेगी. उनके खिलाफ कार्रवाई की जाएगी.” इनके पास से दो पिस्टल, मैगजीन व कारतूस मिला है. गोलीबारी के दौरान अभिषेक के जमीन पर गिरने पर नाबालिग बदमाश की गोली समरजीत के पैर में लगी और वह जख्मी हो गया. समरजीत मारपीट व अन्य केस में जेल जा चुका है. पुलिस ने घटनास्थल से चार खोखा बरामद किया है.
मामले को गंभीरता से लेते हुए एसएसपी राजीव मिश्रा ने सिटी एसपी वेस्ट राजेश कुमार को जांच करने का निर्देश दिया है कि कोर्ट परिसर में बदमाश हथियार लेकर कैसे प्रवेश कर गये? कैसे घटना हुई और इसमें किसी की लापरवाही तो नहीं है? एसएसपी राजीव मिश्रा ने बताया कि रिपोर्ट के बाद आगे की कार्रवाई होगी. अभिषेक व छोटे सरकार मूल से बिहटा के सिकंदरपुर का रहने वाला है. उस पर जहानाबाद के कड़ौना, मसौढ़ी, बिहटा, पत्रकार नगर, विक्रम, नौबतपुर व श्रीकृष्णापुरी थाने में 16 हत्या, रंगदारी व आर्म्स एक्ट के केस दर्ज हैं. बिहटा थाना में इसके खिलाफ में सात, जहानबाद कड़ौना थाना में एक, मसौढ़ी थाना में दो, बिक्रम थाना में दो, नौबतपुर थाना में एक, पत्रकार नगर थाना में दो और श्रीकृष्णापुरी थाने में एक केस दर्ज है. अभिषेक पर पूर्व भाजपा विधायक चितरंजन सिंह के दो भाइयों शंभू शरण, गौतम सिंह व दो रिश्तेदारों चाचा अभिराम शर्मा व भतीजा दिनेश सिंह की हत्या, सारण के पूर्व विधायक सुरेंद्र शर्मा की बेटी खुशबू पर जानलेवा हमला, नौबतपुर अभिषेक सिंह की हत्या, बिक्रम नारायण की हत्या, बिहटा में पांडेय की हत्या जैसे संगीन आपराधिक मामले दर्ज हैं.
कुख्यात मनोज व माणिक सिंह ने करायी हत्या
सूत्रों के अनुसार, पुलिस ने घटना के बाद पकड़े गये बदमाशों से पूछताछ की, जिसमें पता चला है कि घटना को नौबतपुर के कुख्यात अपराधी मनोज सिंह व माणिक सिंह ने अंजाम दिलवाया है. मनोज व माणिक बाप-बेटे हैं. मनोज फरार है. माणिक बेऊर जेल में है और वहीं से सेटिंग की है. आपसी वर्चस्व को लेकर इसे अंजाम दिया गया है. सूत्रों का यह भी कहना है कि इन शूटरों को पांच लाख की सुपारी दी गयी थी और हथियार उपलब्ध कराये गये थे. पांडव गिरोह के सरगना संजय सिंह पर गोलीबारी कराने में भी माणिक का नाम सामने आया था और छोटे सरकार संजय सिंह का खासमखास था.
