RG Kar कांड की पीड़िता की मां लड़ेंगी चुनाव! भाजपा के टिकट पर पानीहाटी से उतरने की तैयारी

RG Kar Case Vitim Mother To Contest Election: आरजी कर कांड की पीड़िता की मां ने भाजपा के टिकट पर पानीहाटी से चुनाव लड़ने का ऐलान किया है. उन्होंने ममता बनर्जी सरकार पर न्याय में बाधा डालने का आरोप लगाया. कहा कि उनका उद्देश्य गृह मंत्री (ममता बनर्जी) के शासन को समाप्त करना है. बंगाल चुनाव 2026 की बड़ी राजनीतिक हलचल है.

RG Kar Case Vitim Mother To Contest Election: पश्चिम बंगाल की राजधानी कोलकाता के आरजी कर मेडिकल कॉलेज एंड हॉस्पिटल में हुई दरिंदगी की शिकार महिला डॉक्टर की मां विधानसभा चुनाव में किस्मत आजमाएंगी. गुरुवार 19 मार्च 2026 को उन्होंने आधिकारिक रूप से घोषणा की कि वह भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के टिकट पर चुनाव लड़ना चाहती हैं. उन्होंने साफ किया कि उनका राजनीति में आने का एकमात्र उद्देश्य अपनी बेटी के लिए न्याय सुनिश्चित करना और वर्तमान तृणमूल कांग्रेस (टीएमसी) सरकार को उखाड़ फेंकना है.

पानीहाटी सीट से उम्मीदवारी की चर्चा

पीड़िता की मां ने संकेत दिया है कि उन्हें उत्तर 24 परगना जिले की पानीहाटी (Panihati) विधानसभा सीट से मैदान में उतारा जा सकता है. चर्चा है कि भाजपा उम्मीदवारों की अगली सूची में उनका नाम शामिल हो सकता है. भाजपा ने अब तक 2 लिस्ट जारी की है. इनमें पानीहाटी सीट पर किसी को टिकट नहीं दिया गया है. हाल ही में भाजपा नेता अर्जुन सिंह ने पीड़ित परिवार से मुलाकात की थी. इसके बाद से ही उनके चुनाव लड़ने की अटकलें तेज हो गयीं थीं.

न्याय के लिए मैंने बहुत इंतजार किया, लेकिन अब मुझे समझ आ गया है कि इस सरकार को हटाये बिना मेरी बेटी को इंसाफ नहीं मिलेगा. मैं अब राजनीति के जरिये इस लड़ाई को मुकाम तक पहुंचाऊंगी.

आरजी कर की पीड़ित महिला डॉक्टर की मां

पहले तैयार नहीं थी, अब ममता बनर्जी के शासन को खत्म करना है

आरजी कर की पीड़िता की मां संवाददाताओं से बात करते हुए भावुक हो गयीं. उन्होंने कहा- भाजपा ने मुझे बहुत पहले चुनाव लड़ने का प्रस्ताव दिया था, लेकिन तब मैं मानसिक रूप से उस स्थिति में नहीं थी. कल मैंने फैसला किया कि मैं यह चुनौती स्वीकार करूंगी. मैं राज्य की गृह मंत्री (ममता बनर्जी) के शासन को समाप्त करना चाहती हूं, जिन्होंने मेरी बेटी के मामले में न्याय की प्रक्रिया में बाधा डाली.

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RG Kar Case: इंसाफ की लड़ाई अब राजनीतिक मार्ग से

अगस्त 2024 में हुए इस जघन्य कांड ने ममता बनर्जी सरकार के खिलाफ एक बड़ा जनाक्रोश पैदा किया था. डॉक्टरों और नागरिक समाज के लंबे आंदोलन के बावजूद परिवार का मानना है कि राज्य सरकार ने जांच को प्रभावित करने की कोशिश की.

आरजी कर केस और चुनावी समीकरण

  • अगस्त 2024 में 31 वर्षीय महिला डॉक्टर की बलात्कार और हत्या.
  • उत्तर 24 परगना की पानीहाटी सीट से चुनाव लड़ने की संभावना.
  • सीधा मुकाबला ममता बनर्जी के नेतृत्व वाली टीएमसी सरकार से.
  • भाजपा आरजी कर केस को महिला सुरक्षा और कानून-व्यवस्था का मुख्य मुद्दा बनायेगी.

घटना ने देश भर में पैदा कर दिया था आक्रोश

अगस्त 2024 में आरजी कर मेडिकल कॉलेज एवं अस्पताल के सेमिनार हॉल में 31 वर्षीय डॉक्टर की बलात्कार के हत्या के मामले ने देश भर में आक्रोश पैदा कर दिया था. घटना के विरोध में राज्य भर में डॉक्टरों और नागरिक समाज समूहों ने लंबे समय तक प्रदर्शन किये थे.

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By Mithilesh Jha

मिथिलेश झा PrabhatKhabar.com में पश्चिम बंगाल राज्य प्रमुख (State Head) के रूप में कार्यरत वरिष्ठ पत्रकार हैं. उन्हें पत्रकारिता के क्षेत्र में 30 वर्षों से अधिक का व्यापक अनुभव है. उनकी रिपोर्टिंग राजनीति, सामाजिक मुद्दों, जलवायु परिवर्तन, नवीकरणीय ऊर्जा, कृषि और अन्य समसामयिक विषयों पर केंद्रित रही है, जिससे वे क्षेत्रीय पत्रकारिता में एक विश्वसनीय और प्रामाणिक पत्रकार के रूप में स्थापित हुए हैं. अनुभव : पश्चिम बंगाल, झारखंड और बिहार में 3 दशक से अधिक काम करने का अनुभव है. वर्तमान भूमिका : प्रभात खबर डिजिटल (prabhatkhabar.com) में पश्चिम बंगाल के स्टेट हेड की भूमिका में हैं. वे डिजिटल न्यूज कवर करते हैं. तथ्यात्मक और जनहित से जुड़ी पत्रकारिता को प्राथमिकता देते हैं. वर्तमान में बंगाल विधानसभा चुनाव 2026 पर पूरी तरह से फोकस्ड हैं. भौगोलिक विशेषज्ञता : उनकी रिपोर्टिंग का मुख्य फोकस पश्चिम बंगाल रहा है, साथ ही उन्होंने झारखंड और छत्तीसगढ़ की भी लंबे समय तक ग्राउंड-लेवल रिपोर्टिंग की है, जो उनकी क्षेत्रीय समझ और अनुभव को दर्शाता है. मुख्य विशेषज्ञता (Core Beats) : उनकी पत्रकारिता निम्नलिखित महत्वपूर्ण और संवेदनशील क्षेत्रों में गहरी विशेषज्ञता को दर्शाती है :- राज्य राजनीति और शासन : झारखंड और पश्चिम बंगाल की राज्य की राजनीति, सरकारी नीतियों, प्रशासनिक निर्णयों और राजनीतिक घटनाक्रमों पर निरंतर और विश्लेषणात्मक कवरेज. सामाजिक मुद्दे : आम जनता से जुड़े सामाजिक मुद्दों, जनकल्याण और जमीनी समस्याओं पर केंद्रित रिपोर्टिंग. जलवायु परिवर्तन और नवीकरणीय ऊर्जा : पर्यावरणीय चुनौतियों, जलवायु परिवर्तन के प्रभाव और रिन्यूएबल एनर्जी पहलों पर डेटा आधारित और फील्ड रिपोर्टिंग. डाटा स्टोरीज और ग्राउंड रिपोर्टिंग : डेटा आधारित खबरें और जमीनी रिपोर्टिंग उनकी पत्रकारिता की पहचान रही है. विश्वसनीयता का आधार (Credibility Signal) : तीन दशकों से अधिक की निरंतर रिपोर्टिंग, विशेष और दीर्घकालिक कवरेज का अनुभव तथा तथ्यपरक पत्रकारिता के प्रति प्रतिबद्धता ने मिथिलेश झा को पश्चिम बंगाल और पूर्वी भारत के लिए एक भरोसेमंद और प्रामाणिक पत्रकार के रूप में स्थापित किया है.

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