चंपारण को पूर्वी व पश्चिमी गांधी जिला घोषित करे सरकार : विद्रोही
मोतिहारी : पूर्वी व पश्चिमी चंपारण को गांधी जिला घोषित कर देना चाहिए. यह समय की मांग है. सत्याग्रह शताब्दी वर्ष में हम प्रवेश कर गये हैं, लेकिन बापू के नाम से जिला नहीं बन पाया. ये बातें एमएस काॅलेज के मैदान में 23 मार्च से होनेवाले सत्याग्रह शताब्दी सम्मेलन में हिस्सा लेने मोतिहारी पहुंचे […]
By Prabhat Khabar Digital Desk | Updated at :
मोतिहारी : पूर्वी व पश्चिमी चंपारण को गांधी जिला घोषित कर देना चाहिए. यह समय की मांग है. सत्याग्रह शताब्दी वर्ष में हम प्रवेश कर गये हैं, लेकिन बापू के नाम से जिला नहीं बन पाया. ये बातें एमएस काॅलेज के मैदान में 23 मार्च से होनेवाले सत्याग्रह शताब्दी सम्मेलन में हिस्सा लेने मोतिहारी पहुंचे सर्व सेवा संघ के राष्ट्रीय अध्यक्ष महादेव विद्रोही ने कहीं. इसी दौरान श्री विद्रोही ने प्रभात खबर से बातचीत की और कहा कि सभी कार्यक्रमों में गांधी की तसवीर लगनी चाहिए,
ताकि आम जनता भी गांधी को जान सके.चंपारण सत्याग्रह और नव उपनिवेशवाद विषय पर सम्मेलन में अपनी बात रखने की जानकारी देते हुए कहा कि आजादी के इतने साल गुजर गये, लेकिन जिस हिसाब से राष्ट्र का विकास होना चाहिए वह नहीं हो पाया. शिक्षा के क्षेत्र में कुछ खास नहीं हो सका.महात्मा गांधी द्वारा स्थापित किये गये बुनियादी विद्यालयों की बदतर स्थिति पर बोलते हुए कहा कि अभी के समय में उसे व्यवस्थित करना समय की मांग है. इसके लिए अलग से आयोग बनाने की पुरजोर वकालत उन्होंने की.
सभी कार्यक्रमों में लगे गांधी की तसवीर, बुनियादी विद्यालयों की हालत में हो सुधार
काफी उपयोगी है ग्रामदान एक्ट
ग्रामदान एक्ट को काफी उपयोगी बताते हुए राष्ट्रीय अध्यक्ष श्री विद्रोही ने कहा कि बिहार में यह एक्ट जनता के लिए काफी लाभकारी साबित हुआ है. इस ऐक्ट के अनुसार,ग्रामसभा की भूमिका काफी बढ़ी हुई है. ग्रामसभा की अनुमति के बगैर कोई भी भूमि अधिग्रहीत नहीं हो सकती.
सराहनीय पहल है दखल दहानी
दखल दहानी के लिए बिहार सरकार द्वारा की पहल की सराहना करते हुए उन्होंने कहा कि एक बड़ी समस्या का समाधान हो रहा है.भूदान की जमीन का वितरण समय नहीं होने से अशांति की समस्या बन सकती है.सरकार ने समय पर पहल कर क्रांतिकारी कदम उठाया है.