अरेराज : धान के बदले चावल आपूर्ति में हुए घोटाले में मिलर के साथ-साथ पैक्स अध्यक्ष व अधिकारी की मुश्किलें बढ़ने लगी है. गांव के धनकुटी मिल को राइस मिल का दर्जा देकर बाइक से 60-80 क्विंटल धान पैक्स द्वारा गिराया गया तो दर्जनों भूमिहीन किसानों के नाम पर फर्जी जमीन का रसीद कटवा व बैंक खाता खोल कर बोनस की राशि गबन करने का मामला जांच में आ रहा है. सूत्रों के अनुसार संग्रामपुर प्रखंड के मधुबनी, इजरा सहित एक दर्जन से अधिक किसानों की जांच की गई, जिसके नाम पर सैकड़ों क्विंटल धान पैक्स में गिराया गया है. साथ ही पांच से 8 एकड़ जमीन का कागज प्रस्तुत किया गया है.
लेकिन जांच में किसी भी किसान के पास 10 कट्ठा से अधिक जमीन ही नहीं है. इतना ही नहीं संग्रामपुर प्रखंड के बरियरिया टोला राजपुर पंचायत के एक गंवई धनकुटी मिल को राइस मिल का दर्जा देकर 60-80 क्विंटल धान पैक्स द्वारा गिराया गया. वही अरेराज प्रखंड के एक राइस मिल में तो जीप से 70 क्विंटल धान गिराया गया. मामले में कई अधिकारी द्वारा निरीक्षण में राइस मिल का कार्यकलाप सत्य भी पाया गया. जांच पर गौर किया जाये तो मिलर के साथ:साथ कई पैक्स अध्यक्ष, गोदाम मैनेजर सहित प्रखंड के कई अधिकारी की मुश्किलें बढ़ने लगी है.
वही एसआइटी टीम भी जांच में तेजी लाने लगी है. जांच में सरकार द्वारा किसानों की दी जाने वाली करोड़ों का बोनस का रुपया डकारने में कई पैक्स अध्यक्ष से लेकर अधिकारी की शामिल होने की संभावना बढ़ गई है. जांच जैसे-जैसे आगे बढ़ रही है अधिकारियों की सूची उतनी लंबी होने की संभावना है .
