Buxar News : नया भोजपुर थाने का भवन जर्जर भय के बीच रहते हैं पुलिसकर्मी

डुमरांव अनुमंडल के नया भोजपुर थाना भवन जर्जर हो गया है. सरकार जहां एक तरफ मॉडल थाना बनाने की बात कर रही है, वहीं दूसरी तरफ नया भोजपुर थाना इतनी जर्जर अवस्था में पहुंच चुका है कि जान जोखिम में डालकर पुलिसकर्मी यहां रह रहे हैं.

डुमरांव. डुमरांव अनुमंडल के नया भोजपुर थाना भवन जर्जर हो गया है. सरकार जहां एक तरफ मॉडल थाना बनाने की बात कर रही है, वहीं दूसरी तरफ नया भोजपुर थाना इतनी जर्जर अवस्था में पहुंच चुका है कि जान जोखिम में डालकर पुलिसकर्मी यहां रह रहे हैं. हैरानी की बात यह है कि कई बार विभागीय अधिकारियों को इस समस्या से अवगत कराया गया. फिर भी इस मामले की पहल नहीं की जा रही है. कमरे मात्र तीन हैं, जिनमें एक कमरे में थाने का काम होता है एवं दो कमरे में करीब 21 पुलिसकर्मी रहते हैं. बरामदे का भी प्लास्टर टूट कर गिर रहा है. हैरानी की बात यह है कि इस थाने पर विभागीय अधिकारियों की नजर नहीं पड़ रही है.

सभी कमरे जर्जर, कोई कोना सुरक्षित नहीं

इसमें कमरे तीन हैं और एक बरामदा भी है, लेकिन तीनों कमरे व बरामदे का हाल अति दयनीय है. एक कमरे में थाने का काम चलता है, दूसरे कमरे में लगभग 21 पुलिसकर्मी रहते हैं. तीसरे कमरे को मालखान बनाया गया है. हादसे की आशंका से रात में पुलिसकर्मी सो भी नहीं पाते हैं. सीलिंग का प्लास्टर टूट कर गिरता रहता है. कभी-कभी यह पुलिसकर्मियों के ऊपर गिर भी जाता है. पुलिसकर्मी सहमे रहते हैं.

किराये के मकान में दशकों से चल रहा थाना

नया भोजपुर स्थित थाना अपना मकान नहीं होने से किराये के मकान में संचालित होता है. 23 वर्षों से यह सिलसिला चल रहा है. यह पेपर मिल का जर्जर भवन है जिसे किराये पर लिया गया है. बताया जाता है कि यह भवन बहुत पुराना पेपर मिल का है, जो अब जर्जर अवस्था में पहुंच चुका है.

थाने के अंदर नहीं है बुनियादी व्यवस्था

थाने के अंदर हाजत, सरिस्ता, मालखाना, बैरेक, आगंतुक कक्ष जैसी बुनियादी सुविधाएं भी नहीं हैं. आवश्यक कागजात रखने की भी सुविधाएं नहीं हैं.

बरसात के मौसम में टपकता है पानी

तीन-चार महीने बाद बरसात शुरू होने वाली है. थानाध्यक्ष मनीष कुमार ने बताया कि बरसात के मौसम में काफी परेशानियों का सामना करना पड़ता है. क्योंकि, बारिश होने पर सभी कमरे से पानी टपकने लगता है, जिस कारण थाने की फाइलें व आवश्यक कागजात बचाने के लिए प्लास्टिक टांगना पड़ता है. बरसात के मौसम में रिसाव के कारण दीवारों में करेंट भी फैल जाता है, जिस कारण अनहोनी की आशंका हर समय बनी रहती है. दिन हो या रात हो, थाने परिसर के अंदर हर समय सांप, बिच्छू जैसे जहरीले कीड़े- मकोड़े निकलते रहते हैं. उन्होंने यह भी बताया कि नवीनीकरण के लिए मिट्टी जांच की प्रक्रिया पूरी कर ली गयी है. ऐसे में अब देखना यह है कि कब तक नया भवन विभाग की तरफ से उपलब्ध कराया जा रहा है.

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