Itarhi Railway Crossing Protest : बक्सर के इटाढ़ी रेलवे गुमटी को तत्काल खोलने की मांग को लेकर सोमवार से दलित अति पिछड़ा स्वाभिमान संघर्ष मोर्चा के बैनर तले अनिश्चितकालीन धरना शुरू हो गया. प्रदर्शनकारियों ने कहा कि रेलवे क्रॉसिंग बंद रहने से आम लोगों, छात्रों और किसानों को रोजाना भारी परेशानी झेलनी पड़ रही है.
Buxar News : गुमटी बंद होने से बढ़ी ग्रामीणों की मुश्किलें
धरना का नेतृत्व मोर्चा के जिला संयोजक सरोज राजभर ने किया. उन्होंने कहा कि इटाढ़ी रेलवे गुमटी बंद होने के कारण ग्रामीणों, छात्र-छात्राओं, किसानों और आम राहगीरों को लंबा चक्कर लगाकर आवागमन करना पड़ रहा है. स्कूल-कॉलेज खुलने और खेती-किसानी के सीजन में यह समस्या और गंभीर हो गई है.
6 से 7 किलोमीटर अतिरिक्त सफर करने को मजबूर लोग
धरना पर बैठे लोगों ने बताया कि गुमटी बंद होने के कारण लोगों को पांडेयपट्टी मार्ग से होकर गुजरना पड़ रहा है. इससे प्रतिदिन करीब 6 से 7 किलोमीटर अतिरिक्त दूरी तय करनी पड़ रही है. साथ ही पांडेयपट्टी रोड पर अक्सर जाम की स्थिति भी बनी रहती है.
26.40 करोड़ के आरओबी पर भी उठाए सवाल
वक्ताओं ने कहा कि इटाढ़ी रेलवे गुमटी के पास करीब 26.40 करोड़ रुपये की लागत से रेलवे ओवरब्रिज (आरओबी) का निर्माण कराया गया था, लेकिन उद्घाटन के कुछ ही दिनों बाद पुल क्षतिग्रस्त हो गया. इसके कारण लोगों की परेशानी और बढ़ गई है. उन्होंने मांग की कि जब तक आरओबी पूरी तरह दुरुस्त नहीं हो जाता, तब तक सुरक्षा मानकों के साथ रेलवे गुमटी को आम लोगों के लिए खोल दिया जाए.
रेल चक्का जाम की दी चेतावनी
प्रदर्शनकारियों ने चेतावनी दी कि यदि जल्द उनकी मांगों पर कार्रवाई नहीं हुई तो आंदोलन को और तेज किया जाएगा. जरूरत पड़ने पर रेल चक्का जाम समेत बड़े स्तर का आंदोलन किया जाएगा. धरना में गुड्डू शर्मा, मुन्ना ओझा, शिवशंकर राय, लाल बिहारी पाल, सुनीता देवी, लाल बाबू माली, ठाकुर प्रसाद, अजीत कुमार सहित बड़ी संख्या में स्थानीय लोग शामिल रहे.
