Buxar News : देशभर में पेपर लीक और प्रतियोगी परीक्षाओं में कथित अनियमितताओं के विरोध में दिल्ली के जंतर-मंतर पर चल रहे आंदोलन के समर्थन में बक्सर में इनौस और आइसा के बैनर तले एकजुटता मार्च निकाला गया. मार्च में बड़ी संख्या में युवाओं और छात्र संगठनों के कार्यकर्ताओं ने भाग लिया. इस दौरान केंद्र सरकार के खिलाफ नारेबाजी करते हुए परीक्षा प्रणाली को पारदर्शी बनाने और दोषियों पर कड़ी कार्रवाई की मांग उठाई गई.
आंबेडकर चौक से ज्योति चौक तक निकला मार्च
एकजुटता मार्च की शुरुआत डॉ. भीमराव आंबेडकर चौक से हुई, जो शहर के विभिन्न मार्गों से होते हुए ज्योति चौक पहुंचा. यहां मार्च नुक्कड़ सभा में बदल गया, जहां छात्र नेताओं और वक्ताओं ने युवाओं से जुड़े मुद्दों पर अपने विचार रखे.
डॉ अजीत कुशवाहा ने केंद्र सरकार पर साधा निशाना
मार्च में डुमरांव के पूर्व विधायक एवं इनौस के राष्ट्रीय अध्यक्ष डॉ. अजीत कुशवाहा मुख्य रूप से मौजूद रहे. उन्होंने दिल्ली के जंतर-मंतर पर चल रहे भूख हड़ताल आंदोलन का समर्थन करते हुए केंद्र सरकार की शिक्षा व्यवस्था पर सवाल उठाए. उन्होंने केंद्रीय शिक्षा मंत्री से इस्तीफे की मांग की और कहा कि परीक्षा प्रणाली को पूरी तरह पारदर्शी बनाया जाना चाहिए, ताकि मेहनत करने वाले छात्रों के भविष्य के साथ खिलवाड़ न हो. साथ ही उन्होंने आंदोलन को आगे और तेज करने का आह्वान किया.
युवाओं ने की पारदर्शी परीक्षा प्रणाली की मांग
सभा के दौरान युवाओं ने सरकार के खिलाफ नारेबाजी करते हुए पेपर लीक की घटनाओं पर प्रभावी रोक लगाने, दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई करने और प्रतियोगी परीक्षाओं की निष्पक्षता सुनिश्चित करने की मांग की.
सैकड़ों छात्र-युवा हुए शामिल
मार्च में राज देव, बीरन यादव, रवि मौर्य, सर्वेश पांडे, कृष्णा यादव, बबलू यादव, आइसा के जिला सचिव अखिलेश ठाकुर, अजीत कुमार, कुंदन कुमार, तबरेज, भाकपा माले की नेता संध्या पाल, ओम, प्रमोद सहित बड़ी संख्या में छात्र-युवा और कार्यकर्ता शामिल रहे. कार्यक्रम शांतिपूर्ण ढंग से संपन्न हुआ.
