Buxar News: जन्म प्रमाण पत्र नहीं होने से आधार कार्ड निर्माण से वंचित छात्रों का नहीं हो रहा नामांकन

सरकारी स्कूलों में अपने बच्चों का एडमिशन में आधार कार्ड नहीं होने से परेशान अभिभावकों की परेशानी घटने का नाम ही नहीं ले रहा हैं

धनसोई. सरकारी स्कूलों में अपने बच्चों का एडमिशन में आधार कार्ड नहीं होने से परेशान अभिभावकों की परेशानी घटने का नाम ही नहीं ले रहा हैं. धनसोई थाना क्षेत्र में सरकारी स्कूलों में एडमिशन करवाने में जन्म प्रमाण और आधार कार्ड पत्र जमा करवाना अनिवार्य कर दिया गया है. वैसे में बच्चों के अभिभावकों को जन्म प्रमाण पत्र बनवाने के लिए प्रखंड से लेकर जिला स्तर पर दौड़ लगा रहे हैं. ये प्रमाण पत्र बनवाना अभिभावकों के लिए यह इतना कठिन काम है कि मत कहिए. पिछले महीनों से दौड़ लगा रहे सुमन सिंह,राजाराज कुशवाहा,अजय सिंह सहित अन्य अभिभावकों ने कहा कि लगातार राजपुर प्रखण्ड का दौड़ और कभी जिला सांख्यिकी पदाधिकारी तो कभी एसडीओ कार्यालय का चक्कर थक चुके हैं. सरकार द्वारा जारी दिशा निर्देश का पंचायत और प्रखंड से लेकर जिला मुख्यालयों का चक्कर लगा रहे हैं. लेकिन रोज-रोज कुछ न कुछ नया नुख्शा निकाला जाता है. कभी ये कागज तो कभी वो कागज की मांग कर अभिभावकों को परेशान किया जाता हैं. जिससे अजीज आकर काफी संख्या में लोगों ने जन्म एवं मृत्यु प्रमाण पत्र बनवाना ही छोड़ दिया. बताते चले कि आय प्रमाण पत्र, निवास प्रमाण पत्र, जाति प्रमाण पत्र जैसे अन्य प्रमाण पत्र के लिए आन लाइन अप्लाई करने एवं निर्धारित समय पर प्राप्त करने की व्यवस्था है. पर जन्म एवं मृत्यु प्रमाण पत्र के लिए सारी कागज होने पर भी लोगो को सिर्फ निराशा हाथ लगता है.अभिभावकों ने साफ कहा कि प्रखंड में बैठे दलाल दो हजार रुपए की मांग कर रहे हैं.और एक सप्ताह में जन्म प्रमाण पत्र बनवाकर देने की गारंटी देते हैं. इस संबंध में प्रखंड सांख्यिकीय पदाधिकारी शशि पाण्डेय ने बताया कि अभी सारी व्यवस्थाएं पंचायत स्तर पर किया जा चुका हैं,जनता को प्रखंड मुख्यालय आने की कोई जरूरत नहीं है.जन्म और मृत्यु प्रमाण पत्र बनवाने की जिम्मेदारी पंचायत सचिव को सौंप दी गई है.लोगों को अब पंचायत सरकार भवन पर इसे बनने की सुविधा है.ताकि जनता का पैसा और समय की बचत हो सके. इस संबंध में समहुता पंचायत के पंचायत सचिव अमित कुमार से पूछने पर बताया कि पंचायत सचिव द्वारा जन्म मृत्यु के 21 दिन के अंदर तक प्रमाण पत्र बनाया जा रहा हैं.एक माह से एक साल तक का कार्य जिला सांख्यिकी अधिकारी के कार्यालय से तथा एक साल से अधिक उम्र के लोगों का जन्म प्रमाण पत्र सदर अनुमंडल पदाधिकारी के कार्यालय से जारी पत्र के बाद जांच पड़ताल कर बनाने की प्रकिया हैं.

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By RAVIRANJAN KUMAR SINGH

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