बनारस में मौत से जूझ रहे प्रोफेसर, परिजन भयभीत

डुमरांव़ : 23 सितंबर को नगर पर्षद क्षेत्र के मच्छरहट मुहल्ले में चौसा इंटर कॉलेज के प्रो. घनश्याम कुमार दूबे को हल्की कड़वाहट के बाद खुलेआम चाकू मारनेवाले पड़ोसी आज भी सड़कों पर खुलेआम घुम रहे हैं. बनारस के एक निजी अस्पताल में मौत से जूझ रहे प्रोफेसर व उनके परिजन इस घटना के बाद […]

डुमरांव़ : 23 सितंबर को नगर पर्षद क्षेत्र के मच्छरहट मुहल्ले में चौसा इंटर कॉलेज के प्रो. घनश्याम कुमार दूबे को हल्की कड़वाहट के बाद खुलेआम चाकू मारनेवाले पड़ोसी आज भी सड़कों पर खुलेआम घुम रहे हैं.

बनारस के एक निजी अस्पताल में मौत से जूझ रहे प्रोफेसर व उनके परिजन इस घटना के बाद से काफी भयभीत हैं. पीड़ित के छोटे भाई मनोज दूबे बताते हैं कि इस घटना को लेकर पड़ोसी सूरज माली व दोनों पुत्र कुलदीप व संदीप पर जानलेवा हमला करने की प्राथमिकी दर्ज करायी गयी थी,

लेकिन पुलिस ने अनुसंधान के आठ दिनों बाद भी आरोपितों को सलाखों के पीछे नहीं कर सकी. अपराध के बाद भी खुलेआम सड़काें पर घूम रहे हैं. ऐसी स्थिति में परिजन भी खौफ के साये में रात गुजार रहे हैं. वहीं, सात सितंबर की घटना पर गौर किया जाये, तो दक्षिण टोला निवासी अरविंद कुमार राय के सिर कुचल कर हत्या कर दी गयी थी, जिसमें परिजनों ने तीन नामजदों पर प्राथमिकी दर्ज करायी थी.

हालांकि इस हत्याकांड में पुलिस ने एक युवक को पकड़ कर जेल भेज दिया. जबकि दो अन्य आरोपित अभी भी फरार हैं. पुलिस की इस शिथिलता से आरोपितों के मनोबल बढ़ रहे हैं. समाजसेवियों का कहना है कि अपराधियों पर शिकंजा कसने में पुलिस पीछे क्याें हट रही है़ वहीं, इस बाबत डीएसपी केपी सिंह की माने, तो हर माह अपराध की समीक्षा होती है और अपराधियों की शीघ्र गिरफ्तारी को लेकर थानाध्यक्ष को सख्त हिदायत दी गयी है़

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By Prabhat Khabar Digital Desk

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