अब तक चार मरीज मिले लक्ष्ण के आधार पर मरीजों के खून जांच के लिए भेजे जाते हैं बाहर

संवाददाता : चक्की डेंगू ने दस्तक दे दी है. इसके बावजूद अभी तक किसी भी प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र पर जांच किट उपलब्ध नहीं करायी गयी है और ना ही इसकी रोकथाम के लिए दवा का छिड़काव शुरू किया गया है. हैरत कि बात तो यह है कि सदर अस्पताल में भी डेंगू की जांच के […]

संवाददाता : चक्की डेंगू ने दस्तक दे दी है. इसके बावजूद अभी तक किसी भी प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र पर जांच किट उपलब्ध नहीं करायी गयी है और ना ही इसकी रोकथाम के लिए दवा का छिड़काव शुरू किया गया है.

हैरत कि बात तो यह है कि सदर अस्पताल में भी डेंगू की जांच के लिए कोई किट उपलब्ध नहीं है. ऐसे में मरीजों की जिंदगी भगवान भरोसे ही है. बताते चलें कि स्थानीय स्तर पर डेंगू की जांच की कोई व्यवस्था न होने के कारण लक्षण के आधार पर मरीजों के खून के सैंपलों को जांच के लिए बाहर भेजा जाता है़

अब तक सिमरी में दो व चक्की में एक डेंगू के मरीज की पुष्टि हुई है. जबकि, डुमरांव अनुमंडल के कोरानसराय क्षेत्र के खैरही गांव में डेंगू के एक मरीज की पहचान हुई है.

इसमें सिमरी के मरीजों ने पड़ोसी राज्य उत्तर प्रदेश के लखनऊ जाकर निजी अस्पताल में इलाज कराया. डुमरांव संवाददाता के अनुसार डुमरांव अनुमंडल के कोरानसराय क्षेत्र के खैरही गांव में डेंगू के एक मरीज की पहचान हुई है. उक्त गांव के निवासी मो इफरान, पिता जलालुद्दीन की तबीयत विगत 15 दिनों से खराब थी. मंगलवार को अनुमंडल अस्पताल, डुमरांव जब पहुंचे तो चिकित्सकों ने जांच के दौरान डेंगू के लक्षण पाये और उसे बेहतर इलाज के लिए बनारस रेफर कर दिया.

प्रभात खबर डिजिटल प्रीमियम स्टोरी

लेखक के बारे में

By Prabhat Khabar Digital Desk

यह प्रभात खबर का डिजिटल न्यूज डेस्क है। इसमें प्रभात खबर के डिजिटल टीम के साथियों की रूटीन खबरें प्रकाशित होती हैं।

संबंधित खबरें >

यह भी पढ़ें >