बक्सर : जिले के सभी सरकारी विद्यालयों की पूरी व्यवस्था अब ऑनलाइन की जायेगी. केंद्र एवं राज्य सरकार के द्वारा विद्यालयों की स्थिति में सुधार के लिए यह व्यवस्था लागू की है. शिक्षा विभाग ने भी इस पर कार्य करना शुरू कर दिया है.
सभी सरकारी विद्यालयों की भौतिक, शैक्षणिक व आधारभूत संरचना की पूरी जानकारी कंप्यूटर या मोबाइल के स्क्रीन पर शिक्षा विभाग की बेवसाइट खोलकर देखी जा सकती है.
विद्यालय में कितने कमरे हैं, कितने शिक्षक हैं व कितने छात्रों का नामांकन, कितने छात्रों को सरकारी योजनाओं का लाभ मिल रहा है. विद्यालय में शौचालय की स्थिति क्या है.खेलकूद का मैदान है या नहीं तथा शिक्षक छात्रों की उपस्थिति कितनी है पूरी जानकारी अब ऑनलाइन हो जायेगी.
यह व्यवस्था वर्ष 2019 तक सभी सरकारी स्कूलों में ऑनलाइन कर लेने का निर्देश मानव संसाधन विकास मंत्रालय से दिया गया है. यह व्यवस्था यू डायस प्लस सॉफ्टवेयर के द्वारा सभी सरकारी विद्यालयों के स्थिति अपलोड किया जायेगा.
नयी शिक्षा व्यवस्था में पारदर्शिता आयेगी. इस व्यवस्था के तहत हर स्कूलों की वेबसाइट होगी. इस बेवसाइट का यूजर आइडी व पासवर्ड विद्यालय प्रधान के पास रहेगा. प्राथमिक विद्यालय से लेकर प्लस टू तक के सभी विद्यालयों को बेवसाइट से सूचनाओं व आंकड़ों को अपलोड किया जायेगा.
क्या है यू डायस प्लस सॉफ्टवेयर
मानव संसाधन विकास मंत्रालय ने सभी सरकारी स्कूलों की व्यवस्था में सुधार के लिए यू डायस सॉफ्टवेयर के माध्यम से आंकड़े संग्रहित करने की व्यवस्था की गयी है.
लेकिन यू डायस सिस्टम में ऑफलाइन रिकार्ड को अपलोड करने में काफी समय लगता था, जिसमें बदलाव करते हुए सरकार ने यू डायस प्लस सॉफ्टवेयर के माध्यम से आंकड़े संग्रहित करने का निर्देश सभी सरकारी विद्यालयों के प्रधान को दी है.
अधिकारियों ने किया विद्यालयों का निरीक्षण: बक्सर.राज्य के निर्देश पर शिक्षा विभाग के अधिकारियों ने जिले के 16 विद्यालयों का औचक निरीक्षण किया. निरीक्षण के दौरान अधिकारियों ने विद्यालयों की स्थिति से रूबरू हुए. वहीं कुछ खामियों को देखकर विद्यालय के प्रधानाध्यापक को आवश्यक दिशा निर्देश भी दिये.
इसकी जानकारी देते हुए जिला शिक्षा पदाधिकारी विजय झा ने बताया कि राज्य निर्देश को लेकर अधिकारियों की टीम ने अलग-अलग विद्यालयों में निरीक्षण किया. वहीं निरीक्षण के क्रम में डुमरांव अनुमंडल के कन्या विद्यालय अरियांव का निरीक्षण खुद किये.जहां विद्यालय की स्थिति संतोषजनक पायी गयी.
उन्होंने कहा कि बेहतर शिक्षा को लेकर सभी विद्यालयों के प्रधानाध्यापक को सख्त निर्देश दिया गया है. अगर किसी प्रधानाध्यापक के द्वारा बच्चों को पठन-पाठन कार्य में शिथिलता बरती जाती है तो उनके खिलाफ कार्रवाई की जायेगी.
