Biharsharif News: नालंदा जिले में पदभार ग्रहण करने के बाद थानों की कार्यप्रणाली को चुस्त-दुरुस्त करने के उद्देश्य से पुलिस अधीक्षक (SP) हृदयकान्त बुधवार को हिलसा थाना पहुंचे. एसपी के अचानक निरीक्षण पर पहुंचने से थाना परिसर में पुलिस पदाधिकारियों और कर्मियों के बीच हड़कंप मच गया. उन्होंने लगभग एक घंटे तक थाने की तमाम व्यवस्थाओं, सुरक्षा प्रबंधों और रजिस्टरों का गहन निरीक्षण किया.
निरीक्षण के दौरान एसपी ने थाना सिरिस्ता, पुलिस बैरक, हाजत (लॉकअप), गश्ती वाहनों की तकनीकी स्थिति, मालखाना और विभिन्न कांड अभिलेखों की बिंदुवार जांच की.
लंबित मामलों का त्वरित निपटारा और गश्ती तेज करने के निर्देश
एसपी हृदयकान्त ने हिलसा थानाध्यक्ष एवं अन्य पुलिस पदाधिकारियों के साथ बैठक कर थाना क्षेत्र की अपराध स्थिति और लंबित कांडों की समीक्षा की:
- लंबित कांडों का निष्पादन: उन्होंने वर्षों और महीनों से लंबित पड़े आपराधिक मामलों, वारंट और कुर्की-जब्ती की प्रक्रियाओं को समय-सीमा के भीतर तेजी से निपटाने का सख्त निर्देश दिया.
- गश्ती और अपराध नियंत्रण: क्षेत्र में लगातार रात्रि व दिवा गश्ती (पेट्रोलिंग) बढ़ाने, संवेदनशील इलाकों में नियमित वाहन चेकिंग चलाने और असामाजिक तत्वों पर कड़ी निगरानी रखने को कहा.
- अभिलेख संधारण और स्वच्छता: थाना परिसर, बैरक व हाजत में नियमित साफ-सफाई रखने तथा सभी सरकारी रजिस्टरों व अभिलेखों का बेहतर रख-रखाव सुनिश्चित करने का निर्देश दिया.
फरियादियों से शालीन व्यवहार और अनुशासन का दिया संदेश
पुलिस अधीक्षक ने स्पष्ट किया कि पुलिस की छवि आम जनता के बीच मददगार और रक्षक की होनी चाहिए:
- शिकायतों की गंभीरता: थाने में आने वाले फरियादियों और पीड़ितों की समस्याओं को पूरी गंभीरता और संवेदनशीलता से सुना जाए तथा नियमों के अनुसार त्वरित न्याय दिलाया जाए.
- अनुशासन व वर्दी: सभी पुलिसकर्मियों को ड्यूटी के दौरान पूर्ण निर्धारित वर्दी (Proper Uniform) में रहने, अनुशासन बनाए रखने और आम लोगों के साथ शालीन व सहयोगात्मक व्यवहार करने की हिदायत दी गई.
एसपी ने जोर देकर कहा कि बेहतर, पारदर्शी और जनोन्मुखी पुलिसिंग ही नालंदा पुलिस की शीर्ष प्राथमिकता है, जिसमें किसी भी प्रकार की कोताही बर्दाश्त नहीं की जाएगी.
