Nalanda News(दीपक विश्वकर्मा): नालंदा जिले के चंडी थाना क्षेत्र अंतर्गत तुलसीगढ़ खंधा में मंगलवार की देर शाम हुई हिंसक मारपीट की घटना ने अब एक खौफनाक मोड़ ले लिया है. इस घटना में गंभीर रूप से घायल युवक की गुरुवार को पटना में इलाज के दौरान दर्दनाक मौत हो गई. युवक की मौत की खबर मिलते ही ग्रामीणों और परिजनों का गुस्सा फूट पड़ा. आक्रोशित लोगों ने चंडी-हरनौत मुख्य सड़क मार्ग को करीब एक घंटे तक पूरी तरह जाम कर पुलिस प्रशासन के खिलाफ जमकर नारेबाजी की और सभी आरोपियों की अविलंब गिरफ्तारी की मांग की.
लोहे की रॉड और लाठियों से किया था हमला, बीच-बचाव करने वाले भी घायल
मृतक की पहचान दौलतपुर मिल्कीपर निवासी सुरेंद्र कुमार के 35 वर्षीय पुत्र हरेंद्र कुमार के रूप में की गई है. इस जघन्य हत्याकांड के संबंध में मृतक के भाई ने चंडी थाने में लिखित आवेदन देकर प्राथमिकी दर्ज कराई है, जिसमें घटना का रोंगटे खड़े कर देने वाला विवरण दिया गया है. मंगलवार की देर शाम हरेंद्र कुमार अपने खेत देखकर वापस घर लौट रहे थे. इसी दौरान गोसाईंमठ गांव के पास करीब 15 लोग पहले से ही लाठी-डंडे और लोहे की रॉड से लैस होकर घात लगाए बैठे थे. आरोप है कि टिंकल राम, सोनू राम, रंजीत राम, विक्की राम, रजनीश राम, सुदामा राम, गौतम राम सहित 7 से 8 अज्ञात लोगों ने हरेंद्र कुमार को घेर लिया और उन पर जानलेवा हमला कर बेरहमी से पीटना शुरू कर दिया. इसी दौरान नदी की ओर शौच करने जा रहे विनोद पासवान, नीतीश पासवान और धरमवीर पासवान ने जब हरेंद्र को पिटते देखा, तो उन्होंने बीच-बचाव करने का प्रयास किया. लेकिन बेखौफ आरोपियों ने उन तीनों पर भी जानलेवा हमला कर दिया, जिससे वे भी गंभीर रूप से घायल हो गए. जब आरोपियों को भनक लगी कि गांव के अन्य लोग जुट सकते हैं, तो वे हरेंद्र कुमार को घसीटते हुए गांव की तरफ ले गए और उन्हें अधमरी की हालत में छोड़कर मौके से फरार हो गए.
इलाज के दौरान तोड़ा दम, परिवार में छाया मातम
गंभीर रूप से जख्मी हरेंद्र कुमार को स्थानीय अस्पताल से प्राथमिक उपचार के बाद नाजुक हालत में तुरंत पटना रेफर किया गया था. जहां गुरुवार को अस्पताल में जिंदगी और मौत की जंग लड़ते हुए उन्होंने दम तोड़ दिया.
हरेंद्र की मौत की खबर जैसे ही दौलतपुर मिल्कीपर गांव पहुंची, वैसे ही पूरे इलाके में कोहराम मच गया. मृतक अपने पीछे पत्नी रीना देवी, दो पुत्र और एक पुत्री को छोड़ गए हैं. पति की मौत के बाद रीना देवी का रो-रोकर बुरा हाल है और परिजनों की चीख-पुकार से पूरा गांव गमगीन है. गांव के हर घर में इस वक्त मातमी सन्नाटा पसरा हुआ है.
सड़क पर उतरे सैकड़ों ग्रामीण, 5 थानों की पुलिस ने संभाला मोर्चा
युवक की मौत से आक्रोशित सैकड़ों ग्रामीण और परिजन शव के आने से पहले ही सड़क पर उतर आए. उन्होंने चंडी-हरनौत मार्ग को जाम कर टायर जलाए और पुलिस प्रशासन के खिलाफ हाय-हाय के नारे लगाए. सड़क जाम होने के कारण मार्ग के दोनों ओर वाहनों की लंबी कतारें लग गईं और आवागमन पूरी तरह ठप रहा.
थानाध्यक्ष का आधिकारिक बयान:
चंडी थानाध्यक्ष अखिलेश कुमार झा ने मामले की संवेदनशीलता को देखते हुए तुरंत मोर्चा संभाला. उन्होंने बताया इस मामले में त्वरित कार्रवाई करते हुए एक मुख्य आरोपी को पूर्व में ही गिरफ्तार किया जा चुका है. बाकी के फरार आरोपियों की धरपकड़ के लिए पुलिस की विशेष टीमें उनके सभी संभावित ठिकानों पर लगातार छापेमारी कर रही हैं. किसी भी दोषी को बख्शा नहीं जाएगा.
सड़क पर बढ़ते तनाव और स्थिति की गंभीरता को देखते हुए मौके पर चंडी पुलिस के अलावा तेलमर, हरनौत, नगरनौसा एवं बेना थाना की पुलिस बल को भी तैनात किया गया था. पुलिस अधिकारियों के काफी समझाने-बुझाने और बचे हुए आरोपियों को जल्द जेल भेजने के ठोस आश्वासन के बाद करीब एक घंटे बाद जाम को हटाया जा सका. पुलिस ने शव का पोस्टमार्टम कराने के बाद दाह संस्कार के लिए परिजनों को सुपुर्द कर दिया है और गांव में एहतियातन पुलिस बल तैनात है.
Also Read: बिहार शरीफ में त्राहिमाम: भीषण गर्मी से चरमराई बिजली व्यवस्था, ओवरलोड के कारण 128 जगहों पर फॉल्ट
