Malmas Mela 2026(रामविलास): नालंदा जिले के ऐतिहासिक व प्रसिद्ध राजगीर मलमास मेला क्षेत्र में गुरुवार को उस समय अचानक अफरा-तफरी और भगदड़ का माहौल बन गया, जब मेला सैरात परिक्षेत्र में खाना बनाने के दौरान एक रसोई गैस मिनी सिलेंडर ने आग पकड़ ली. देखते ही देखते आग की लपटें तेजी से फैलने लगीं, जिससे खाना बनाने के बर्तन समेत अन्य सामग्रियां जलकर खाक हो गईं. हालांकि, स्थानीय दुकानदारों की त्वरित सूझबूझ और अदम्य साहस के कारण समय रहते आग पर पूरी तरह काबू पा लिया गया, जिससे मेले में एक बहुत बड़ी दुर्घटना होने से बच गई.
तीखी धूप और लू के थपेड़ों से भड़की आग, बड़ा सिलेंडर भी आया चपेट में
यह हादसा मेला सैरात परिक्षेत्र के अंतर्गत आंबेडकर चौक से आगे मखदूम कुंड रोड के किनारे घटित हुआ. यहाँ एक कोल्ड ड्रिंक स्टॉल के समीप गुरुवार की दोपहर मेले में पहुंचे कुछ श्रद्धालु व लोग भोजन तैयार कर रहे थे. बताया जाता है कि रसोई गैस मिनी सिलेंडर पर चढ़े पतीले में चावल उबल रहा था. इसी बीच खाना बनाने वाला व्यक्ति पास ही से पानी लाने चला गया. दोपहर की तीखी और सीधी पड़ रही धूप के साथ चल रही गर्म हवा के झोंके के कारण चूल्हे की लपटें अचानक असंतुलित हो गईं. लपटों ने पास में ही रखे कागज और अन्य ज्वलनशील वस्तुओं को अपनी चपेट में ले लिया. देखते ही देखते आग मिनी सिलेंडर के गैस पाइप तक पहुंच गई और वहीं पास में रखा एक अन्य बड़ा रसोई गैस सिलेंडर भी इसकी सीधी चपेट में आ गया. बड़े सिलेंडर को आग की जद में आते देख आस-पास के लोगों में हड़कंप मच गया और मेले में भगदड़ जैसी स्थिति उत्पन्न हो गई.
स्थानीय दुकानदार छोटू और सहयोगियों ने दिखाई हिम्मत, बालू-धूल से बुझाई आग
जब लोग डरकर इधर-उधर भाग रहे थे, तब स्थानीय दुकानदारों ने मोर्चे को संभाला. दुकानदार छोटू और उनके कुछ अन्य साथियों ने गजब का साहस दिखाते हुए अपनी जान जोखिम में डाली. जांबाज दुकानदारों ने सबसे पहले आग की चपेट में आ रहे बड़े गैस सिलेंडर को सूझबूझ के साथ घटनास्थल से खींचकर दूर हटाया और उसे सुरक्षित बुझाया. इसके बाद दुकानदारों ने बिना वक्त गंवाए सड़क किनारे से सूखी धूल और बालू उठा-उठाकर आग की उठती लपटों पर फेंकना शुरू किया. लगातार बालू फेंकने के बाद जब आग कुछ धीमी हुई, तो मिनी सिलेंडर के जलते हुए पाइप को खींचकर मुख्य बॉडी से अलग कर दिया गया और आग पर पूरी तरह काबू पा लिया गया. स्थानीय लोगों की इस जांबाजी की वजह से मेला क्षेत्र में एक भयावह अग्निकांड होने से रुक गया.
