जमीन बंदोबस्त नीति में बिहार सरकार कर सकती है बदलाव, सर्वे में जहानाबाद, मुंगेर, पूर्णिया और नालंदा ने किया बेहतर काम

राजस्व एवं भूमि सुधार विभाग के अपर मुख्य सचिव विवेक कुमार सिंह ने सोमवार को सर्वे काम की समीक्षा की. इन जिलों का काम संतोषजनक मिला है.

पटना. भूमि विवादों को खत्म करने, जमीन का बंदोबस्त कागज और धरातल पर व्यवस्थित करने के लिए कराये जा रहे विशेष सर्वे में जनवरी के चौथे सप्ताह में हुए काम के नतीजे आ गये हैं.

जहानाबाद, मुंगेर ,पूर्णिया, नालंदा व कटिहार टॉप फाइव में हैं. राजस्व एवं भूमि सुधार विभाग के अपर मुख्य सचिव विवेक कुमार सिंह ने सोमवार को सर्वे काम की समीक्षा की. इन जिलों का काम संतोषजनक मिला है.

शिवहर,सहरसा, मधेपुरा, अररिया व सीतामढ़ी जिला सबसे नीचे के पायदान पर हैं. कोटिवार बात की जाये तो जन-जागरूकता में नालंदा (100%), जहानाबाद (80%)और पूर्णिया (75%) आगे हैं. खगड़िया (7%), सहरसा (20%) व शेखपुरा (29%) पिछड़ गये हैं.

बीस जिलों में चल रहे विशेष सर्वेक्षण में भी जरूरी संशोधन करने को तैयार है. सरकार जिला बंदोबस्त पदाधिकारियों के सुझाव- सलाह के बाद मार्च से पहले यह निर्णय ले लेगी.

बंदोबस्त पदाधिकारियों के काम के मूल्यांकन की नयी व्यवस्था शुरू की गयी है. अभी यह व्यवस्था राजस्व कर्मी, सीओ व डीसीएलआर स्तर तक थी.

राजस्व अधिकारियों की सुरक्षा को लेकर भी निर्देश दिये गये हैं.राजस्व एवं भूमि सुधार विभाग के अपर मुख्य सचिव विवेक कुमार सिंह ने सोमवार को बीस जिलों के बंदोबस्त पदाधिकारियों के साथ सीधा संवाद किया.

Posted by Ashish Jha

प्रभात खबर डिजिटल प्रीमियम स्टोरी

लेखक के बारे में

By Prabhat Khabar News Desk

यह प्रभात खबर का न्यूज डेस्क है। इसमें बिहार-झारखंड-ओडिशा-दिल्‍ली समेत प्रभात खबर के विशाल ग्राउंड नेटवर्क के रिपोर्ट्स के जरिए भेजी खबरों का प्रकाशन होता है।

संबंधित खबरें >

यह भी पढ़ें >