45 किसानों को पुरस्कार की राशि व प्रशस्ति पत्र देकर शुक्रवार को दो दिवसीय किसान मेला सह मशरूम महोत्सव का समापन हुआ. इसमें मशरूम व विशिष्ट उत्पाद प्रदर्शनी प्रतियोगिता में चयनित किसानों एवं जिले के अग्रणी प्रगतिशील किसानों को पुरस्कार-प्रशस्ति पत्र संयुक्त निदेशक शष्य श्याम बिहारी सिंह, आत्मा के परियोजना निदेशक सह जिला कृषि पदाधिकारी प्रेम शंकर प्रसाद ने दिया. प्रगतिशील किसान स्वर्ण संध्या ने बताया कि पहले उनकी आर्थिक स्थिति ठीक नहीं थी. फिर आत्मा, भागलपुर जुड़ने के बाद समूह का गठन किया. मशरूम के प्रशिक्षण लिए वह पहली महिला थी. उन्हें आत्मा, बामेती, पटना, भागलपुर से कई अवार्ड मिले. वर्तमान में उन्हें इस व्यवसाय से बहुत आमदनी हो रही है. सर्वेश कुमार, प्रगतिशील किसान, प्रखंड बिहपुर द्वारा बताया गया कि उन्होंने 2016 में ओयस्टर मशरूम की खेती शुरू की. आत्मा द्वारा नूरसराय, नालंदा एवं कृषि विज्ञान केंद्र से प्रशिक्षण लिया. 2018 से प्रशिक्षक के रूप में लगभग 20 जिलों के कई प्रखंडों में प्रशिक्षण देने का कार्य शुरू किया. मेरे द्वारा 10000 से ज्यादा प्रशिक्षित हो चुके हैं. मेरी सालाना आय 3.5 लाख से ज्यादा है. इसी तरह रेखा देवी, प्रखंड पीरपैंती, प्रिया कुमारी, कहलगांव, निशा किरण, प्रखंड सबौर, उदय कुमार सिन्हा, उद्यमी किसान मशरूम की खेती के बारे में अपने विचार रखे. इस मौके पर आत्मा के परियोजना निदेशक सह जिला कृषि पदाधिकारी प्रेम शंकर प्रसाद ने कहा कि अंग प्रदेश में किसानों ने ऐसे काम किये हैं, जिससे जिले का नाम अव्वल हुआ है. मशरूम सुपर फूड है, अगर हम नयी तकनीक से उत्पादन करेंगे तो अच्छी आय होगी. उन्होंने पारंपरिक कृषि से हट कर नकदी फसल जैसे- सब्जी, फल-फूल इत्यादि का उत्पादन करने का संदेश दिया. आत्मा के परियोजना उप निदेशक प्रभात कुमार सिंह ने बताया कि लगातार बीते वर्षों से ग्रामीण स्तर पर विभाग द्वारा मशरूम के उत्पादन एवं विपणन की तकनीकी जानकारी महिलाओं को दी जा रही है. जिसके परिणाम स्वरूप आज बिहार मशरूम उत्पादन में अव्वल दर्जे पर है. प्रथम पुरस्कार स्वरूप 1000 रुपये, द्वितीय पुरस्कार 750 रुपये, तृतीय पुरस्कार 500 रुपये व सांत्वना पुरस्कार में प्रशस्ति पत्र व मोमेंटो दिये गया. वहीं 30 स्टॉल प्रदर्शनी के लिए मोमेंटो एवं प्रशस्ति पत्र दिया गया. विशेष रूप से स्वर्ण संध्या भारती व उदय सिन्हा को श्रेष्ठ प्रदर्शन के लिए प्रशस्ति एवं मोमेंटो से पुरस्कृत किया गया. मशरूम उत्पादन प्रसंस्करण एवं विपणन कार्यक्रम में जिले भर के कुल 462 किसानों ने भाग लिया.
मशरूम सुपर फूड है, नयी तकनीक से उत्पादन करने पर होगी अच्छी आय : परियोजना निदेशक
45 किसानों को पुरस्कार की राशि व प्रशस्ति पत्र देकर शुक्रवार को दो दिवसीय किसान मेला सह मशरूम महोत्सव का समापन हुआ.
