दूसरे विद्यालय शिफ्ट होने से कम पड़ रहे कमरे, कई जगह दो शिफ्ट में चल रही कक्षाएं
बलराम यादव, सबौर
सबौर प्रखंड क्षेत्र के कई विद्यालयों में दूसरे विद्यालयों को हस्तांतरित किए जाने के कारण भवन की कमी हो गयी है. इससे पठन-पाठन कार्य प्रभावित हो रहा है और शिक्षक-शिक्षिकाओं के साथ छात्र-छात्राओं को भी काफी परेशानी झेलनी पड़ रही है. कई स्कूलों में कमरों की कमी के कारण कक्षाएं समायोजन कर या दो शिफ्ट में चलानी पड़ रही हैं.मध्य विद्यालय फरका
मध्य विद्यालय फरका के प्रधानाध्यापक सहदेव मंडल ने बताया कि उनके विद्यालय में प्राथमिक विद्यालय हरिजन टोला घोषपुर और प्राथमिक विद्यालय पश्चिम टोला इंग्लिश को हस्तांतरित किया गया है. इसके कारण भवन की कमी हो गई है. कम कमरों में कई कक्षाओं को संचालित करना पड़ रहा है, जिससे छात्र-छात्राओं और शिक्षक-शिक्षिकाओं को पठन-पाठन में परेशानी हो रही है. उन्होंने बताया कि इस समस्या को लेकर विभाग के वरिष्ठ अधिकारियों को अवगत कराते हुए भवन निर्माण की मांग की गई है.
प्राथमिक विद्यालय हरिजन टोला घोषपुर
प्राथमिक विद्यालय हरिजन टोला घोषपुर के प्रभारी राजीव कुमार ने बताया कि विद्यालय में चार शिक्षक कार्यरत हैं, जिनमें से एक को डेपुटेशन पर भेजा गया है. वर्ग एक से पांच तक कुल 105 छात्र-छात्राएं नामांकित हैं. शनिवार को 58 बच्चों की उपस्थिति दर्ज की गई. सीमित संसाधनों में पढ़ाई संचालित करना चुनौतीपूर्ण हो गया है.इंटर स्तरीय विद्यालय चंदेरी मिर्जापुर
इंटर स्तरीय विद्यालय चंदेरी मिर्जापुर के प्रधानाध्यापक मो. शमीम ने बताया कि कन्या मध्य विद्यालय गार्डन प्रक्षेत्र को यहां शिफ्ट किए जाने से भवन की कमी हो गई है. इसके कारण छात्र-छात्राओं और शिक्षक-शिक्षिकाओं को काफी परेशानी हो रही है. कमरों की कमी के कारण बच्चों को दो शिफ्ट में पढ़ाई करानी पड़ रही है.
बोले पदाधिकारी
प्रखंड शिक्षा पदाधिकारी सबौर राकेश कुमार ने बताया कि सबौर प्रखंड के मध्य विद्यालय फरका, मध्य विद्यालय चंधेरी मिर्जापुर, मध्य विद्यालय रजंदीपुर, मध्य विद्यालय लोदीपुर, मध्य विद्यालय सरधो और मध्य विद्यालय खानकित्ता को बिहार सरकार द्वारा इंटर स्तरीय मान्यता प्रदान की गई है. इनमें से कुरपट, बैजनाथपुर और परघड़ी मध्य विद्यालयों के पास अपना इंटर स्तरीय भवन उपलब्ध है. उन्होंने बताया कि भवन की कमी से संबंधित समस्याओं को विभिन्न विद्यालयों के प्रधानाध्यापकों के माध्यम से शिक्षा विभाग के यू-डाइस पोर्टल पर अपलोड किया गया है. शिक्षा विभाग, बिहार सरकार पटना से आदेश प्राप्त होने के बाद आगे की कार्रवाई की जाएगी.बीडीओ ने दिया था आश्वासन
प्रखंड विकास पदाधिकारी सबौर प्रभात रंजन ने भी पहले भवन निर्माण की कमी को जल्द दूर करने का आश्वासन दिया था. हालांकि अब तक इस दिशा में ठोस प्रगति नहीं हो सकी है. स्थानीय स्तर पर भी विभाग के वरिष्ठ अधिकारियों को इस समस्या से अवगत कराते हुए जल्द भवन निर्माण की प्रक्रिया पूरी करने की मांग की गई है.
