Bhagalpur news पांच दिवसीय महाविष्णु यज्ञ का उद्घाटन
कबरनगर किशनपुर पंचायत में आयोजित श्रीश्री 108 महाविष्णु यज्ञ का उद्घाटन बुधवार को हुआ.
By JITENDRA TOMAR | Updated at :
फोटो सं-6अकबरनगर किशनपुर पंचायत में आयोजित श्रीश्री 108 महाविष्णु यज्ञ का उद्घाटन बुधवार को हुआ. उद्घाटन उत्तरी सुलतानगंज जिप सदस्या आशा जायसवाल व अखिल भारतीय गंगोत्री महासभा की उपाध्यक्ष अर्पणा कुमारी ने संयुक्त रूप से फीता काट कर व नारियल फोड़ कर किया. यज्ञ स्थल पर वैदिक मंत्रोच्चार और जयकारों से वातावरण भक्तिमय हो उठा. उद्घाटन के साथ ही अग्नि प्रवेश कर हवन की शुरुआत हुई. यज्ञ का आयोजन 28 जनवरी से एक फरवरी तक होगा. प्रतिदिन प्रवचन, हवन व भक्ति कार्यक्रम होगा. अयोध्या धाम से साध्वी ज्योति मानस मंजरी कथा वाचन करेंगी. यज्ञाचार्य की भूमिका विजय पाण्डेय निभा रहे हैं. उद्घाटन समारोह में राजद के पूर्व विधायक फणींद्र चौधरी, अरविंद कुमार,अनिल कुमार के अलावा काफी संख्या में श्रद्धालु उपस्थित थे. मौके पर शिवशंकर मंडल, वीरेंद्र कुमार शर्मा, दिनेश मंडल, धीरेंद्र प्रसाद यादव, मनोज कुमार सुमन सहित अन्य कार्यकर्ता सक्रिय भूमिका निभा रहे हैं.
शोक व्यक्त
सुलतानगंज महाराष्ट्र के उपमुख्यमंत्री अजीत पवार के हवाई दुर्घटना में मौत पर गहरी शोक संवेदना व्यक्त की गयी. निधन से भारतीय राजनीति की एक बहुत बड़ी क्षति बताया. शोक व्यक्त करने वालों में नप मुख्य पार्षद राजकुमार गुड्डू, संजय कुमार चौधरी, नवीन कुमार बन्नी, अरुण कुमार चौधरी, कपिलकांत, सुभाष कुमार, रंजीत रंजन, वरुण साह, अशोक वेद्य, राजेश चौधरी शामिल है.
शब-ए-बरात इबादत व मगफिरत की रात : सज्जादानशी
नवगछिया शब-ए-बरात इबादत की रात होती है. इस रात सभी मुसलमानों को एहतराम करना चाहिए. मुसलमानों को अपने पूर्वजों के लिए खुदा से मगफिरत की दुआ मांगनी चाहिए. उक्त बातें शनिवार को खानकाह-ए-आलिया कादिरिया फरीदिया मोहब्बतिया से सज्जादानशी हजरत अली कौनैन खां कादरी फरीदी व नायब सज्जादानशीं हजरत मौलाना अली शब्बर खां कादरी फरीदी ने कही. उन्होंने कहा कि मस्जिदों, खानकाहों ,मजार शरीफ और घरों में तिलावते कुरान शरीफ करें और नफल की नमाज अदा करनी चाहिए. सज्जादानशी ने कहा कि खुदा के रसूल पैगम्बर मुहम्मद मुस्तफा सल्लाहो बसलम ने शब-ए-बरात की रात इबादत की रात बताया है. यह रात दुआओं के कबूल होने की रात है. शब-ए-बरात की रात इबादत करने से साल भर का गुनाह माफ कर दिया जाता है. पैगम्बर मुहम्मद मुस्तफा सल्लाहो बसलम इस महीने अकसर रोजा रखा करते थे. शब-ए-बरात तीन फरवरी को मनायी जायेगी.