भागलपुर जिले के नवगछिया अनुमंडल क्षेत्र में मानसूनी बारिश के कारण गंगा और कोसी नदियों के जलस्तर में लगातार वृद्धि दर्ज की जा रही है. जलस्तर में जारी इस उछाल से तटीय इलाकों में बाढ़ की आशंका को लेकर अनुमंडलवासी चिंतित नज़र आ रहे हैं. हालांकि, बाढ़ नियंत्रण विभाग के अनुसार दोनों नदियां फिलहाल चेतावनी स्तर से नीचे बह रही हैं और सभी सुरक्षा तटबंध पूरी तरह सुरक्षित हैं.
गंगा नदी की स्थिति: इस्माईलपुर-बिंदटोली स्पर-07
गंगा नदी के जलस्तर में पिछले 24 घंटों के दौरान दर्ज की गई स्थिति:
- वर्तमान जलस्तर: बुधवार सुबह छह बजे इस्माईलपुर-बिंदटोली स्थित स्पर-07 पर गंगा नदी का जलस्तर 29.02 मीटर दर्ज किया गया.
- जलस्तर में वृद्धि: पिछले 24 घंटों में जलस्तर में 14 सेंटीमीटर का इजाफा हुआ है.
- तटबंध और चेतावनी स्तर: नदी का पानी तटबंध के टो (निचले हिस्से) को छू रहा है, लेकिन तटबंध पूरी तरह सुरक्षित है. गंगा नदी अपने चेतावनी स्तर (30.60 मीटर) से 1.58 मीटर नीचे बह रही है, जबकि खतरे का निशान 31.60 मीटर पर है.
कोसी नदी की स्थिति: मदरौनी गेज स्टेशन
कोसी नदी में भी जलस्तर बढ़ने का सिलसिला जारी है, हालांकि वर्तमान स्थिति नियंत्रण में है:
- वर्तमान जलस्तर: मदरौनी गेज स्टेशन पर बुधवार सुबह छह बजे कोसी का जलस्तर 29.18 मीटर दर्ज किया गया.
- जलस्तर में वृद्धि: पिछले 24 घंटों के भीतर इसमें 17 सेंटीमीटर की वृद्धि हुई है.
- तटबंध और चेतावनी स्तर: कोसी नदी का पानी अभी तटबंध के टो तक नहीं पहुंचा है और तटबंध सुरक्षित है. नदी अपने चेतावनी स्तर (30.48 मीटर) से 1.30 मीटर नीचे बह रही है (न्यूनतम जलस्तर 24.50 मीटर तथा खतरे का स्तर 31.48 मीटर है).
तटबंधों पर 24 घंटे निगरानी रख रहा विभाग
मानसून के लगातार सक्रिय रहने के कारण बाढ़ नियंत्रण प्रमंडल के अधिकारी और अभियंता जलस्तर तथा कटाव की स्थिति पर लगातार नज़र बनाए हुए हैं. तटवर्ती इलाकों और संवेदनशील स्परों पर विशेष चौकसी बरती जा रही है ताकि स्थिति पूरी तरह नियंत्रण में रहे.
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