कांग्रेस ने अपने शासनकाल में नारी शक्ति के लिए कुछ नहीं किया : ई शैलेंद्र

बिहपुर विधानसभा के भाजपा विधायक ई कुमार शैलेंद्र ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में एनडीए की सरकार ने महिला सशक्तिकरण को सिर्फ भाषण का विषय नहीं बनाया

बिहपुर विधानसभा के भाजपा विधायक ई कुमार शैलेंद्र ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में एनडीए की सरकार ने महिला सशक्तिकरण को सिर्फ भाषण का विषय नहीं बनाया, बल्कि उसे जमीन पर उतारा. रविवार को प्रेस वार्ता के दौरान उन्होंने कहा कि 2023 में नारीशक्ति वंदन अधिनियम पारित करके एक ऐतिहासिक कदम उठाया गया व लोकसभा में 33 प्रतिशत आरक्षण के सपने को कानूनी जामा पहनाया गया. कहा कि पीएम यहीं नहीं रुके, 16 अप्रैल 2026 को सरकार ने तीन विधेयक संसद में पेश किये संविधान संशोधन विधेयक, परिसीमन विधेयक व केंद्र शासित प्रदेश विधेयक ताकि 2029 के आम चुनावों में ही देश की महिलाओं को यह अधिकार मिल सके. पीएम ने जनगणना व परिसीमन की शर्त को हटाकर यह सुनिश्चित करना चाहा कि देश की महिलाओं को एक भी चुनाव का और इंतजार न करना पड़े. पीएम ने कहा कि 17 अप्रैल का दिन भारत के इतिहास में स्वर्ण अक्षरों में लिखा जा सकता था, लेकिन कांग्रेस, राजद, सपा, तृणमूल कांग्रेस, डीएमके व पूरे इंडी गठबंधन ने मिलकर इस विधेयक को गिरा दिया. 60 वर्षों तक सत्ता में रहने के बावजूद उन्होंने महिलाओं को केवल वोट बैंक की तरह इस्तेमाल किया. प्रेस वार्ता में जिलाध्यक्ष संतोष कुमार, प्रदेश प्रवक्ता डॉ प्रीति शेखर सहित पार्टी पदाधिकारी उपस्थित थे.

प्रभात खबर डिजिटल प्रीमियम स्टोरी

लेखक के बारे में

Published by: Atul kumar

Digital Media Journalist having more than 2 years of experience in life & Style beat with a good eye for writing across various domains, such as tech and auto beat.
और पढ़ें
Tags

संबंधित खबरें >

यह भी पढ़ें >