bhagalpur news. नामांकन में गड़बड़ी मामले में कॉलेज प्रशासन जांच के बाद की लीपापोती

एसएम कॉलेज में पीजी सत्र 2025-27 के तहत सेमेस्टर वन के नामांकन में हुए अनियमितता मामले में दो सप्ताह से ज्यादा समय बीत गया, लेकिन कोई नतीजा सामने नहीं आया

एसएम कॉलेज में पीजी सत्र 2025-27 के तहत सेमेस्टर वन के नामांकन में हुए अनियमितता मामले में दो सप्ताह से ज्यादा समय बीत गया, लेकिन कोई नतीजा सामने नहीं आया. वहीं कॉलेज प्रशासन पूरे मामले की जांच के बाद लीपापोती करने में लगा है. नामांकन कमेटी पर अब तक कोई कार्रवाई नहीं की गयी है. जबकि अनियमितता को लेकर कमेटी के समन्वयक को कॉलेज प्रशासन ने शोकॉज किया था. इसका जवाब भी कॉलेज प्रशासन को मिल गया है. बता दें कि अनियमितता प्रकाश में आने के बाद एक दर्जन छात्राओं का नामांकन रद्द कर दिया गया था.

उधर, नामांकन रद्द किये जाने पर अभिभावकों ने नाम नहीं छापने की शर्त पर कहा कि नामांकन को लेकर दिए आवेदन में गलत विषय लिखा था, तो फिर मेधा सूची में नाम कैसे आया. अब नामांकन होने के बाद रद्द व शुल्क लौटाने की बात कही जा रही है. बताया जा रहा है कि 12 छात्राओं में तीन से चार छात्राएं दूसरे जिला से कॉलेज में नामांकन कराने के लिए आवेदन किया था. कॉलेज सूत्रों के अनुसार नामांकन कमेटी से मंजूरी के बाद ही मेधा सूची जारी की गयी है. बताया जा रहा है कि नामांकन के समय स्नातक की परीक्षा चल रही थी. ऐसे में नामांकन कमेटी में शामिल लोग पहले परीक्षा लेते या फिर नामांकन के लिए आवेदन की जांच करते. वहीं, पूरे मामले को लेकर विवि प्रशासन भी मौन बना है. मामले को लेकर प्रभारी कुलपति से बात करने के लिए संपर्क किया गया, लेकिन बात नहीं हो पायी.

आवेदन में गलत विषय लिखने पर नामांकन रद्द – प्राचार्य

कॉलेज की प्राचार्य प्रो निशा झा ने कहा कि छात्राओं ने ही नामांकन के लिए आवेदन में विषय गलत लिखा था. केमिस्ट्री की छात्रा मनोविज्ञान विषय में नामांकन के लिए आवेदन किया, जो नियम के विरुद्ध है. ऐसे कई मामले में सामने आये है.

डिस्क्लेमर: यह प्रभात खबर समाचार पत्र की ऑटोमेटेड न्यूज फीड है. इसे प्रभात खबर डॉट कॉम की टीम ने संपादित नहीं किया है

प्रभात खबर डिजिटल प्रीमियम स्टोरी

लेखक के बारे में

Author: ATUL KUMAR

Digital Media Journalist having more than 2 years of experience in life & Style beat with a good eye for writing across various domains, such as tech and auto beat.

Read More

संबंधित खबरें >

यह भी पढ़ें >