भागलपुर विधानसभा क्षेत्र के भाजपा विधायक रोहित पांडेय द्वारा बिहार विधानसभा सत्र के दौरान शहर की दो सबसे बड़ी ज्वलंत समस्याओं—वर्षों पुरानी भीषण ट्रैफिक जाम की समस्या और जवाहरलाल नेहरू चिकित्सा महाविद्यालय एवं अस्पताल (मायागंज/JLNMCH) की बदहाली—को गैर-सरकारी संकल्प और तारांकित प्रश्नों के माध्यम से प्रमुखता से उठाया गया. विधायक की इस सकारात्मक पहल पर राज्य सरकार ने विधानसभा में विस्तृत जवाब देते हुए शहरवासियों को जल्द राहत देने का आश्वासन दिया है.
जाम से मिलेगी मुक्ति: ₹1800 करोड़ की लागत से बनेगा एलिवेटेड रोड
विधानसभा में पथ निर्माण मंत्री ई. कुमार शैलेंद्र ने सदन को अवगत कराया कि भागलपुर शहर के सबसे व्यस्त मार्गों पर एलिवेटेड कॉरिडोर बनाने की तैयारी शुरू कर दी गई है:
- प्रस्तावित रूट: ज़ीरो माइल, तिलकामांझी चौक, घंटाघर चौक, स्टेशन चौक, तातारपुर, टीएनबी कॉलेज होते हुए चंपानाला तक एलिवेटेड पथ बनाया जाएगा.
- फिजिबिलिटी रिपोर्ट तैयार: परियोजना की व्यवहार्यता प्रतिवेदन (Feasibility Report) तैयार हो चुका है, जिसकी अनुमानित लागत लगभग ₹1800 करोड़ है.
- DPR प्रक्रिया शुरू: अब परियोजना की विस्तृत परियोजना रिपोर्ट (DPR) तैयार करने की प्रक्रिया शुरू कर दी गई है. डीपीआर बनने के बाद संसाधनों की उपलब्धता के आधार पर निर्माण कार्य शुरू होगा.
- मरीन ड्राइव अपडेट: विधायक ने यह भी बताया कि सबौर से मुंगेर तक गंगा पथ (मरीन ड्राइव) परियोजना पर भी काम शुरू हो चुका है, जिससे शहर का बाईपास ट्रैफिक सुगम होगा.
मायागंज अस्पताल (JLNMCH): डॉक्टरों व नर्सों की कमी दूर करेगी सरकार
स्वास्थ्य सुविधाओं और जर्जर आधारभूत संरचना पर पूछे गए तारांकित प्रश्न के उत्तर में स्वास्थ्य विभाग ने निम्नलिखित जानकारी साझा की:
वर्तमान कार्यरत बल:
स्वास्थ्य विभाग के अनुसार, मायागंज अस्पताल में वर्तमान में:
- डॉक्टर: 15 प्राध्यापक, 49 सहायक प्राध्यापक, 22 सहयोगी प्राध्यापक, 85 सीनियर रेजिडेंट और 24 चिकित्सा पदाधिकारी तैनात हैं.
- नर्सिंग स्टाफ: 482 स्टाफ नर्सें वर्तमान में सेवाएं दे रही हैं.
जल्द होगी नई नियुक्तियां:
- सहायक प्राध्यापक: बिहार के राजकीय मेडिकल कॉलेजों में 1711 सहायक प्राध्यापकों की नियमित बहाली के लिए बिहार लोक सेवा आयोग (BPSC) को अधियाचना भेजी गई है.
- नर्सिंग स्टाफ: 11,389 स्टाफ नर्सों की बहाली प्रक्रिया अंतिम चरण में है, चयन पूरा होते ही मायागंज में अतिरिक्त पदस्थापना होगी.
जर्जर भवनों की मरम्मत व नए निर्माण:
अस्पताल के जर्जर भवनों, हॉस्टलों की जीर्ण-शीर्ण हालत और मरीजों के दबाव को देखते हुए BMSICL (बिहार मेडिकल सर्विसेज एंड इंफ्रास्ट्रक्चर कॉरपोरेशन लिमिटेड) के माध्यम से:
- पुराने भवनों व छात्रावासों की तत्काल मरम्मत कराई जा रही है.
- नए अस्पताल भवन, अतिरिक्त बेड क्षमता तथा छात्र-छात्राओं के लिए नए आधुनिक हॉस्टलों का निर्माण कार्य प्रक्रियाधीन है.
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